Bhopal News, मछली गैंग के लोग स्कूली बच्चियों को भी टारगेट कर रहे हैं, एक गिरफ्तार, हेड कांस्टेबल सस्पेंड

Updesh Awasthee
भोपाल समाचार, 9 फरवरी 2026
: जो नहीं चाहते थे और जिसका डर था वही हो गया। पुलिस इन्वेस्टिगेशन में खुलासा हुआ है कि 11वीं की छात्रा का रेप और ब्लैकमेल कर नमाज पढ़ने के लिए मजबूर करने के मामले में मछली गैंग का कनेक्शन सामने आ गया है। यह लोग स्कूल में पढ़ने वाली बच्चियों को टारगेट कर रहे हैं। यह कहानी इस बात को भी स्पष्ट करती है कि भोपाल में मछली की कितना पावरफुल हो चुका है। 

इस मामले में भी मछली गैंग इंवॉल्व है

इस घटना ने सबको आक्रोशित कर दिया था जब पता चला था कि, 11वीं में पढ़ने वाली 17 साल की लड़की को शिकार बनाया गया। यदि आपको इस घटना के बारे में नहीं पता तो यहां क्लिक करके पढ़ सकते हैं। इससे पहले तक कॉलेज की लड़कियों को शिकार बनाया गया था। पहली बार किसी नाबालिग लड़की का मामला सामने आया। पैटर्न बिल्कुल वैसा ही था लेकिन इस मामले में आरोपी ने बलात्कार के बाद लड़की को ब्लैकमेल करते हुए नमाज पढ़ने और बुर्का पहनने के अलावा एक लाख रुपए की मांग भीगी थी। इसलिए लग रहा था कि यह मामला अलग है लेकिन कल जब पुलिस ने माज खान नाम के एक युवक की गिरफ्तारी की तो इस मामले का कनेक्शन भी मछली गैंग से निकल आया। 

मछली गैंग ने बलात्कार के लिए THAAR दिलवाई थी 

पुलिस की कहानी के अनुसार घटना के आरोपी ओसाफ अली खान ने जब लड़की को अपने जाल में फंसा लिया तो लड़की के साथ फिजिकल रिलेशन बनाने के लिए मछली गैंग का सदस्य माज खान THAAR लेकर पहुंचा और इसी के अंदर लड़की का रेप किया गया एवं वीडियो बनाया गया। शायद ऐसा इसलिए हुआ होगा क्योंकि पुलिस एक्टिव हो गई थी और मछली गैंग के ठिकानों पर लड़की को लेकर आना संभव नहीं रहा होगा। या फिर शायद ओसाफ अली खान (पिता डॉक्टर और माता सरकारी टीचर) डरा हुआ था और मछली गैंग ने उसकी हौसला देने के लिए या फिर सब कुछ अपने सामने होते देखने के लिए THAAR वाले आइडिया पर काम किया। कारण जो भी हो लेकिन स्थिति बेहद गंभीर है। 

पुलिस भी मछली गैंग का सपोर्ट कर रही है

भोपाल में एक्टिव मछली गैंग के पॉलीटिकल कनेक्शंस सबके सामने आ चुके हैं। भोपाल में मछली गैंग को लेकर एक तरह से पुलिस और नेताओं के बीच में संघर्ष की स्थिति बनी हुई है। पुलिस गिरफ्तार करती है और नेता उनको बचाने के लिए पूरी ताकत लगा देते हैं। इस सबके बीच यह भी खुलासा हुआ है कि पुलिस आज भी मछली गैंग के लिए काम कर रही है। कोहेफिजा थाने के हेड कॉन्स्टेबल ज्ञानेंद्र द्विवेदी ने आरोपी को विश्वास दिलाया था कि, उसको गिरफ्तार करके कोर्ट में पेश करेंगे और जेल भेज देंगे। रिमांड पर नहीं लिया जाएगा। जब इस बात का खुलासा हुआ तो डीसीपी जोन-3 अभिनव चौक से ने ज्ञानेंद्र द्विवेदी को सस्पेंड कर दिया। लेकिन सवाल तो बनता है कि क्या भोपाल पुलिस में ज्ञानेंद्र अकेला है जो मछली के लिए काम कर रहा है? 
भोपाल समाचार से जुड़िए
कृपया गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें यहां क्लिक करें
टेलीग्राम चैनल सब्सक्राइब करने के लिए यहां क्लिक करें
व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करने के लिए  यहां क्लिक करें
X-ट्विटर पर फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें
फेसबुक पर फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें
समाचार भेजें editorbhopalsamachar@gmail.com
जिलों में ब्यूरो/संवाददाता के लिए व्हाट्सएप करें 91652 24289

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!