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रोशनी गुप्ता दर्द से कराहते हुए मर गई, पुलिस ने आरोपी गिरफ्तार नहीं किए | SIDHI MP NEWS

सीधी (ANUPAM GUPTA 8349812197)। रोशनी गुप्ता (मृतिका) पिता रामगोपाल गुप्ता उम्र 22 वर्ष निवासी गाँव मड़वास तहसील और थाना मझौली ज़िला सीधी का विवाह 22-11-2017 को दिलीप गुप्ता पिता शंकरलाल गुप्ता निवासी सेमरिया थाना चुरहट सीधी से शादी हिंदू रीति-रिवाजों से हुआ था। ससुराल वालों ने रोशनी को उसके दहेज के लिए ताना देना शुरू कर दिया और उसे पागल कहने और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करने लगे उसे बीमारी की हालत में घर से निकालकर 12.02.2019 को उसके मायके पहुंचा दिया गया। 

22 जुलाई को दहेज एक्ट का मामला दर्ज हुआ, सितम्बर तक कोई कार्रवाई नहीं

मायके पहुंचाने की तारीख के बाद से, मृत्यु दिनाँक तक कोई खबर नहीं ली है। मृतिका रौशनी गुप्ता को मानसिक रूप से प्रताड़ना के चलते वह अवसाद में रहने लगी, बहुत इलाज के बाद 10-09-2019 को उसका स्वर्गवास हो गया, पुलिस स्टेशन सेमरिया थाना चुरहट जिला सीधी में  धारा 498 A के तहत 22.07.2019 को FIR नंबर 348/19 में दर्ज किया गया है। 10-09-2019 तक इसके जिम्मेदार व्यक्तियों पर पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई है। 

CMHELPLINE में विषय प्रारूप को ही बदल दिया

CMHELPLINE में शिकायत क्रमांक 9180688 10-09-2019 को  दर्ज कराया गया, जिसमे पुलिस ने विषय प्रारूप को ही बदल दिया और 13-09-2019  जबाब दे दिया (सीएम शिकायत कर्ता अनुपम गुप्ता निवासी मडवास सीएम शिकायत की जाँच की गई जाँच पर पाया गया फरियादी रामगोपाल गुप्ता पिता राम शिरोमणि गुप्ता उम्र 54 वर्ष निवासी ड़वास के रिपोर्ट पर थाना चुरहट में अपराध क्र. 348/19 धारा 498 ए ,34 ताहि.का आरोपी दीलीप उर्फ दीपू पिता शंकरलाल गुप्ता , श्करलाल गुप्ता पिता गणेश गुप्ता , चंद्रवती गुप्ता पति शंकरलाल गुप्ता , बृजेश गुप्ता पिता शंकरलाल गुप्ता , मनोज गुप्ता पिता शंकरलाल गुप्ता , लीला वती पति बृजेश गुप्ता गुडिया पति मनोज गुप्ता सभी निवासी सेमरिया के विरूध्द कायम कर जाँच विवेचना में लिया गया आरोपियो की पता तलाश विवेचना जारी है)

आरोपी खुले आम घूम रहे हैं

CMHELPLINE के जबाब के अनुसार FIR दर्ज दिनांक से 40 दिन बीत जाने के बाद भी सेमरिया पुलिस अपराधियों की खोज नहीं कर पाई, जबकि अपराधी खुले आम घूम रहे हैं कहीं न कहीं सेमरिया पुलिस भी इस मामले में लिप्त है और अपराधियों की सहयोगी नजर आ रही है। अगर प्रशासन सही समय पर जाग गया होता और सही कार्यवाही हुयी होती तो शायद रोशनी आज जिन्दा होती। यह बेटी पढाओ बेटी पढाओ का न्याय है।
यह शिकायत ANUPAM GUPTA 8349812197 द्वारा भेजी गई। डायरेक्ट प्रकाशित हुई है। इसे एडिट नहीं किया गया।