ज्योतिरादित्य सिंधिया को पीएम मोदी अपने साथ दिल्ली क्यों ले गए थे- MP NEWS

ग्वालियर
। मध्य प्रदेश की राजनीति के महाराज साहब यानी ज्योतिरादित्य सिंधिया इन दिनों मध्य प्रदेश की पॉलिटिकल हेडलाइंस में है। कांग्रेस और भाजपा दोनों पार्टियों के नेता उनके बारे में प्रमुखता से चर्चा कर रहे हैं। यह सब कुछ हो रहा है प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कारण। 

ज्योतिरादित्य सिंधिया के बारे में कांग्रेस पार्टी के नेता क्या चर्चा कर रहे हैं

मध्यप्रदेश में कांग्रेस पार्टी के चाणक्य श्री दिग्विजय सिंह सहित तमाम नेता एक फोटो वायरल कर रहे हैं जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महाकालेश्वर शिवलिंग का की पूजा करते हुए दिखाई दे रहे हैं और गर्भ ग्रह के बाहर ज्योतिरादित्य सिंधिया जमीन पर बैठे हुए दिखाई दे रहे हैं। कांग्रेस पार्टी के नेता इसके साथ एक पुराना फोटो वायरल कर रहे हैं जिसमें राहुल गांधी के साथ कमलनाथ और ज्योतिरादित्य सिंधिया एवं कई नेता गर्भ ग्रह में महाकालेश्वर शिवलिंग की पूजा करते हुए दिखाई दे रहे हैं। कांग्रेस पार्टी के नेताओं का कहना है कि कितना अंतर आ गया। राहुल गांधी अपने साथ रखते थे और अब पीछे खड़े रहना पड़ता है। 

भाजपा के नेताओं में क्या चर्चा चल रही है

फोटो वही है कांग्रेस के नेताओं द्वारा वायरल किया जा रहा है लेकिन चर्चा अलग है। भाजपा में बताया जा रहा है कि महाकाल की पूजा के समय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के साथ केवल मुख्यमंत्री और राज्यपाल थे। फिर ज्योतिरादित्य सिंधिया को शामिल किया गया। सिंधिया के अलावा भारतीय जनता पार्टी के किसी भी नेता को प्रधानमंत्री के साथ मंदिर में जाने की अनुमति नहीं थी। यानी महाकाल मंदिर क्षेत्र में प्रधानमंत्री के साथ मध्य प्रदेश के केवल दो नेता थे। शिवराज सिंह चौहान और ज्योतिरादित्य सिंधिया। 

पीएम मोदी, ज्योतिरादित्य सिंधिया को अपने साथ दिल्ली क्यों ले गए

एक तरफ कांग्रेस पार्टी के नेता फोटो वायरल करके कह रहे हैं कि ज्योतिरादित्य सिंधिया को भारतीय जनता पार्टी में महत्व नहीं मिलता और दूसरी तरफ भारतीय जनता पार्टी के दिग्गज नेता इसलिए परेशान है कि ज्योतिरादित्य सिंधिया को पार्टी में कुछ ज्यादा ही महत्व मिल रहा है। महाकाल लोक के लोकार्पण के बाद निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया को रात 10:00 बजे इंडिगो की फ्लाइट से दिल्ली जाना था परंतु प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन्हें अपने साथ अपनी फ्लाइट में दिल्ली ले गए। 

मध्यप्रदेश में जबकि चुनाव नजदीक आ चुके हैं और 2018 में 'अबकी बार सिंधिया सरकार' का नारा बुलंद था, इस घटनाक्रम को राजनीति का एक बड़ा घटनाक्रम माना जा रहा है। यानी ज्योतिरादित्य सिंधिया मध्य प्रदेश के सबसे महत्वपूर्ण भाजपा नेता बन गए हैं और प्रथम पंक्ति में शिवराज सिंह चौहान के साथ खड़े हुए हैं।