भोपाल, 11 जून 2026: बीएसएनएल भवन में संचालित प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) कार्यालय में हंगामा और तोड़फोड़ का मामला सामने आया है। एमपी नगर पुलिस थाने में मामला दर्ज हुआ है। बताया गया है कि एक सफाई कर्मचारी और ED के कुछ अधिकारियों के बीच में झगड़ा हुआ। ED द्वारा घटना के 8 दिन बाद मामला दर्ज करवाया गया है, इसलिए ED की कहानी पर भी पूरा विश्वास नहीं किया जा सकता। पुलिस इन्वेस्टिगेशन के बाद मामले का खुलासा हो पाएगा।
1 जून को झगड़ा हुआ था
एमपी नगर पुलिस को ईडी कर्मचारी दिलीप आर्य की तरफ से जो शिकायत मिली है, उसके अनुसार नीतेश धौलपुरे ईडी कार्यालय में सफाई का कार्य करता था। कुछ दिनों की छुट्टी के बाद जब वह 1 जून 2026 को वापस ड्यूटी पर पहुंचा, तब अधिकारियों ने उसे कार्यालय परिसर की साफ-सफाई बेहतर तरीके से करने की हिदायत दी। इसी बात को लेकर उसका अधिकारियों से विवाद हो गया। बताया जा रहा है कि उस समय भी उसने बहस और झगड़ा किया था।
2 जून को हुई तोड़फोड़
आरोप है कि अगले दिन 2 जून को नीतेश अपने पिता मुकेश धौलपुरे और कुछ अन्य लोगों के साथ कार्यालय पहुंचा। वहां उसने अधिकारियों और कर्मचारियों से गाली-गलौज की और कार्यालय में रखे सामान के साथ तोड़फोड़ की। घटना से कार्यालय परिसर में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हंगामे के बाद आरोपी मौके से भाग निकला।
झगड़ा अधिकारियों से हुआ रिपोर्ट कर्मचारी ने करवाई
घटना के पूरे आठ दिन बाद ईडी कर्मचारी दिलीप आर्य की शिकायत पर एमपी नगर पुलिस ने नीतेश धौलपुरे, उसके पिता तथा अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। इस मामले में दो पॉइंट ध्यान देने वाले हैं। पहली बात तो यह - झगड़ा अधिकारियों से हुआ तो पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करवाने के लिए कर्मचारी को क्यों भेजा गया। दूसरी बात - घटना के 8 दिन बाद मामला दर्ज क्यों करवाया गया। 8 दिन तक क्या किया गया। एमपी नगर पुलिस ने मामला तो दर्ज कर लिया है परंतु पुलिस यह बताने में अभी तक सक्षम नहीं है की घटना की कोई सीसीटीवी रिकॉर्डिंग है या नहीं?

