विदिशा, 10 अप्रैल 2026: सातवां वेतनमान के तहत एक लाख रुपए के आसपास वेतन ले रहे सरकारी शिक्षक, बे-लगाम हो गए हैं। एक तरफ प्रवेश उत्सव चल रहा है और दूसरी तरफ विदिशा में हर निरीक्षण में सरकारी स्कूल बंद मिल रहे हैं। आज के निरीक्षण में तीन स्कूल बंद मिले। तीनों ऐसे बंद थे की चपरासी भी नहीं आया था। विद्यार्थियों को भी बोल दिया था कि आना नहीं है, इसलिए स्कूल के आसपास भी कोई विद्यार्थी दिखाई नहीं दिया।
Education Lapse in Vidisha: Three Government Schools Closed, No Staff Attendance Reported
निरीक्षण में हायर सेकेंडरी स्कूल हांसुआ, मिडिल स्कूल हांसुआ एवं प्राथमिक शाला कछबा पूर्णतः बंद पाए गए। इन संस्थाओं में न तो कोई शिक्षक अथवा भृत्य उपस्थित मिला और न ही परिसर या आसपास कोई छात्र-छात्राएं दिखाई दिए। इससे विद्यालयों के नियमित संचालन पर प्रश्नचिह्न खड़े हुए हैं। ग्रामीणों ने भी विद्यालय व्यवस्था के प्रति गहरा असंतोष व्यक्त किया तथा हांसुआ विद्यालय के प्राचार्य के कार्य व्यवहार पर नाराजगी जताई।
मदनखेड़ी गांव में स्कूल तो खुला था लेकिन विद्यार्थी नहीं थे
इसके विपरीत प्राथमिक एवं माध्यमिक शाला मदनखेड़ी सुव्यवस्थित रूप से संचालित पाई गई। प्राथमिक शाला रूसल्ला में दोनों शिक्षक उपस्थित मिले, लेकिन छात्र संख्या शून्य रही। वहीं हाई स्कूल कराखेड़ी का संचालन व्यवस्थित पाया गया, हालांकि माध्यमिक शिक्षक कल्पना धाकड़ अनुपस्थित रहीं।
आगे के निरीक्षण में प्राथमिक शाला धतुरिया में दोनों शिक्षकों द्वारा उपस्थिति पंजी पर हस्ताक्षर नहीं किए जाने की लापरवाही सामने आई। वहीं माध्यमिक शाला धतुरिया एवं प्राथमिक शाला मिर्जापुर का संचालन संतोषजनक पाया गया, जहां मध्यान्ह भोजन भी निर्धारित मेन्यू के अनुसार वितरित किया जा रहा था।
निरीक्षण में बंद पाई गई तीनों शालाओं के संपूर्ण स्टाफ का 10 अप्रैल का वेतन काटते हुए संबंधितों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। इस कार्रवाई की जानकारी विदिशा बीईओ श्री चन्द्रकांत त्यागी ने दी।

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