नई दिल्ली, 30 मार्च 2026: मध्य प्रदेश में 27% ओबीसी आरक्षण के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने एक नया फैसला दिया है। दो याचिकाओं को हाई कोर्ट से रिकॉल कर लिया है और 52 मामले जो पिछली बार सुप्रीम कोर्ट में ही रह गए थे, ट्रांसफर आर्डर में दर्ज नहीं हुए थे, उनको हाई कोर्ट में ट्रांसफर कर दिया गया है। अब मध्य प्रदेश हाई कोर्ट में 27% ओबीसी आरक्षण मामले में फाइनल अरगुमेंट शुरू होंगे।
MP 27% OBC Reservation: Supreme Court Recalls 2 Petitions, Sends 52 Cases Back to High Court
अधिवक्ता श्री रामेश्वर सिंह ठाकुर एवं विनायक प्रसाद शाह ने बताया कि, जबलपुर स्थित हाई कोर्ट आफ मध्य प्रदेश में ओबीसी आरक्षण के संबंध में विचार अधीन सभी मामलों को मध्य प्रदेश सरकार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में ट्रांसफर कर दिया गया था। सभी मामले सुप्रीम कोर्ट में दो अलग-अलग खंडपीठ के समक्ष पेंडिंग थे। इनमें से लगभग एक दर्जन मामले, जिनकी नियमित सुनवाई के लिए ओबीसी एडवोकेट वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा बार-बार अनुरोध किया जा रहा था। दिनांक 19 फरवरी 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने ऐसे सभी मामलों को हाई कोर्ट आफ मध्य प्रदेश को वापस भेज दिया था।
ओबीसी एडवोकेट्स वेलफेयर एसोसिएशन के संस्थापक श्री रामेश्वर सिंह ठाकुर का कहना था कि, सुप्रीम कोर्ट का आदेश दिनांक 19 फरवरी 2026, त्रुटि पूर्ण है और त्रुटि सुधार के लिए दीपक कुमार पटेल के नाम से एक रिव्यू याचिका MA/529/26 दाखिल की गई थी, जिस पर माननीय सुप्रीम कोर्ट द्वारा खुले न्यायालय में 20 मार्च 2026 को विस्तृत सुनवाई करते हुए पूर्व में पारित अपने आदेश दिनांक 19 फरवरी 2026 में संशोधन कर 52 प्रकरण जो मध्य प्रदेश सरकार द्वारा ट्रांसफर कराए गए थे, उनको भी मध्य प्रदेश हाई कोर्ट को वापस भेज दिया गया है, तथा दो विशेष अनुमत याचिकाएं जो पूर्व में सुप्रीम कोर्ट द्वारा मध्य प्रदेश हाई कोर्ट को वापस की गई थी, उनमें से दो एस.एल.पी. जिनमे दीपक कुमार पटेल विरुद्ध मध्य प्रदेश शासन एवं हरिशंकर बरोदिया विरुद्ध मध्य प्रदेश शासन को अपने समक्ष सुनवाई हेतु वापस रिकॉल कर लिए गए हैं। शेष आदेश दिनांक 19/02/2026 यथावत रहेगा।
सुप्रीम कोर्ट का यह आदेश सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर आज 30 मार्च 2026 को अपलोड किया गया। इसके कारण समाचार 10 दिन बाद प्रकाशित किया जा रहा है। ओबीसी एडवोकेट्स वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता रामेश्वर सिंह ठाकुर, विनायक प्रसाद शाह, वरुण ठाकुर ने पक्ष रखा उन समस्त मामलों को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट मे दिनांक 02/04/2026 को सुनवाई नियत हैं।

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