भोपाल, 29 मार्च 2026: छिंदवाड़ा में 12वीं की परीक्षा दे चुकी एक छात्रा को कॉलेज एडमिशन और नौकरी के नाम पर भोपाल बुलाया गया। पहले उसे बियर पिलाई गई और फिर नीट। इसके बाद बालाघाट के दो युवकों ने बारी-बारी रेप किया। रेप के समय दोनों युवकों की गर्लफ्रेंड भी मौजूद थी। इनमें से एक छिंदवाड़ा की रहने वाली है जिसने नाबालिग लड़की को अपने जाल में फंसाया था।
कॉलेज में एडमिशन और नौकरी के नाम पर भोपाल बुलाया
लड़की की उम्र 17 वर्ष है। 12वीं की परीक्षा दी है और कॉलेज में एडमिशन लेना चाहती है। इसी दौरान उसकी पहचान मोनिका इंदौरिया (23) से हुई, जो छिंदवाड़ा की रहने वाली है। फिलहाल भोपाल के विद्या नगर में अपनी सहेली रेणुका बुनकर (26) के साथ किराए के फ्लैट में रहती थी। पीड़ित लड़की और मोनिका, दोनों के बीच फोन और सोशल मीडिया पर बातचीत होती थी। मोनिका ने उसे नौकरी और एडमिशन का भरोसा देकर भोपाल बुलाया। 18 मार्च को पीड़िता भोपाल पहुंची, जहां मोनिका उसे अपने फ्लैट पर ले गई और रेणुका से मिलवाया।
मोनिका और रेणुका देख रही थी, निखिल और अतुल रेप कर रहे थे
इसके बाद कुछ देर बाद रेणुका काम पर चली गई। इसी बीच जब पीड़िता नहाने गई, तब मोनिका ने निखिल सिंह और अतुल मेड़ेकर को फ्लैट पर बुला लिया। रात में दोनों आरोपी वहां पहुंचे। यहां लड़की को सबसे पहले बियर पिलाई इसके बाद मोनिका इंदौरिया, निखिल सिंह और अतुल मेड़ेकर ने पीड़िता को नीट शराब पिलाई, जिससे वह बदहवास हो गई। इसके बाद रात करीब 9 बजे निखिल सिंह ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता के अनुसार, उसे अहसास हो रहा था कि उसके साथ गलत हो रहा है, लेकिन नशे के कारण वह विरोध नहीं कर सकी। देर रात करीब 11 बजे अतुल मेड़ेकर ने पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। इस दौरान रेणुका बुनकर ने कथित रूप से सहयोग किया। पीड़िता का नशा कुछ कम हुआ था, लेकिन विरोध करने पर उसे धमकाया गया और मारपीट की गई।
तबीयत बिगड़ी तो घटना का खुलासा हुआ
अगली सुबह होश आने पर पीड़िता बिना किसी को बताए फ्लैट से निकल गई और छिंदवाड़ा लौट गई। कुछ दिन बाद तबीयत बिगड़ने पर उसने अपनी मां को पूरी घटना बताई। इसके बाद 27 मार्च को वह मां के साथ भोपाल पहुंची और थाने में शिकायत दर्ज कराई। जिस समय पीड़िता थाने पहुंची, उस वक्त वहां महिला अधिकारी मौजूद नहीं थीं। बाद में गोविंदपुरा थाने से एसआई रूपा मिश्रा को बुलाया गया, जिन्होंने एफआईआर दर्ज की। पीड़िता के कोर्ट में बयान भी दर्ज कराए गए। पुलिस ने जांच के बाद मोनिका इंदौरिया और रेणुका बुनकर को हिरासत में लिया। उनकी निशानदेही पर बालाघाट निवासी निखिल सिंह (32) और अतुल मेड़ेकर (30) को भी हिरासत में लिया गया है। हालांकि गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं की गई है।
डीसीपी विवेक सिंह के अनुसार, बंधक बनाकर दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है। फिलहाल तीन संदेहियों को हिरासत में लिया गया है। घटना के समय पीड़िता नशे में थी, इसलिए आरोपियों की संख्या और भूमिका की डिटेल में जांच की जा रही है।
खबर का सबक
पीड़ित लड़की की उम्र 18 वर्ष से कम है। इस घटना को आप किसी भी एंगल से देखिए, चिंता की स्थिति जरूर बनती है। इस विषय पर विचार करने की जरूरत तो है क्योंकि, थाने के रजिस्टर में जो लिखा है यदि वह सही है, और जो नहीं लिखा यदि वह सही है, तो दोनों स्थितियों में एक बात स्पष्ट हो जाती है कि, सोसाइटी में क्राइम का नॉर्मलाइजेशन हो रहा है। पहले कहते थे कि कोई भी महिला, किसी महिला के साथ इस तरह का अपराध दिख नहीं सकती, लेकिन अब, इस तरह का अपराध मनोरंजन बन गया है। यदि लड़की की तबीयत खराब नहीं होती तो शायद यह मामला भी प्रकाश में नहीं आता और यह भी तो विश्वासपूर्वक नहीं कहा जा सकता कि, इस समूह के चंगुल में फंसी यह पहली लड़की थी।

.webp)