कलेक्टर को कर्मचारी की वेतन वृद्धि रोकने का अधिकार नहीं, ग्वालियर हाई कोर्ट- MP NEWS

ग्वालियर
। मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने ग्वालियर कलेक्टर के उस आदेश को निरस्त कर दिया जिसमें उन्होंने सहकारी निरीक्षक श्री आरडी पचौरिया की वेतन वृद्धि रोकने के आदेश दिए थे। हाईकोर्ट ने एक बार फिर दोहराया कि कलेक्टर को किसी भी कर्मचारी की वेतन वृद्धि रोकने का अधिकार नहीं है। 

ग्वालियर कलेक्टर ने दिनांक 30 मई 2022 को सहकारी निरीक्षक श्री आरडी पचौरिया की वेतन वृद्धि रोकने के आदेश दिए थे। शासकीय कर्मचारी द्वारा इस आदेश के खिलाफ प्रशासनिक व्यवस्था के तहत अपील की गई परंतु कोई सुनवाई नहीं हुई। इसलिए हाईकोर्ट में याचिका प्रस्तुत की गई। याचिकाकर्ता की ओर से उच्च न्यायालय को बताया गया कि, कलेक्टर को किसी भी अधिकारी अथवा कर्मचारी की वेतन वृद्धि रोकने का अधिकार नहीं है। नियम 9 के अंतर्गत केवल तृतीय और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों पर मामूली जुर्माना लगाने का अधिकार है। 

कर्मचारी की वेतन वृद्धि रोकना एक बड़ा दंड प्रावधान है जो कलेक्टर के अधिकार क्षेत्र से बाहर का है। इस मामले में उच्च न्यायालय ने कलेक्टर को जवाब प्रस्तुत करने के लिए कहा परंतु कोई जवाब नहीं दिया गया। हाईकोर्ट ने कलेक्टर को उपस्थित होने के निर्देश दिए परंतु कलेक्टर उपस्थित नहीं हुए। ओआईसी की ओर से कोर्ट में जो जानकारी प्रस्तुत की गई वह न्यायालय में गलत प्रमाणित हुई। उच्च न्यायालय ने ओआईसी पर ₹10000 का जुर्माना लगाया है।