BHOPAL NEWS- दिवंगत IAS की प्रॉपर्टी के लिए दो रिटायर्ड महिला अधिकारियों के बीच विवाद

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में भारतीय प्रशासनिक सेवा के दिवंगत अधिकारी एमके सिंह की प्रॉपर्टी को लेकर रिटायर्ड आईएएस सलीना सिंह और महिला एवं बाल विकास विभाग की रिटायर्ड डिप्टी डायरेक्टर ममता पाठक के बीच विवाद गहरा गया है। सलीना सिंह ने ममता पाठक के खिलाफ कोलार पुलिस थाने में आपराधिक मामला दर्ज करवाया है। 

एडिशनल चीफ सेक्रेटरी (ACS) के पद से रिटायर्ड हुई सलीना सिंह अपने पति सीनियर IAS एमके सिंह से अलग रह रही थीं। 14 मार्च 2022 को उनका निधन हो गया था। सलीना सिंह पुत्री सुरेन्द्रपाल सिंह निवासी E-7/691 अरेरा कॉलोनी भोपाल ने कोलार पुलिस थाने में रिटायर्ड डिप्टी डायरेक्टर ममता पाठक के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करवाते हुए बताया कि एमके सिंह का स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता था। उनकी याददाश्त भी कमजोर हो गई थी। लगातार शराब पीने की वजह से हाई बीपी, शुगर और लीवर सिरोसिस बीमारियों से पीड़ित हो गए थे। बाद में उन्हें कैंसर भी हो गया था। उनका लीवर ट्रांसप्लांट भी हुआ था। बीमारियों के कारण मानसिक रूप से अक्षम हो गए थे। डिप्रेशन में रहते थे। ममता पाठक ने इसी का फायदा उठाया। 

सलीना सिंह ने अपनी शिकायत में बताया कि ममता पाठक ने उनके पति की बैंक का एफडी का पैसा अपने खाते में ट्रांसफर करवा लिया। 23 मार्च 2022 को ममता पाठक ने एक वसीयतनामा का रजिस्ट्रेशन भी करवाया है। श्रीमती सिंह का दावा है कि ममता पाठक ने इसके लिए कूट रचित दस्तावेजों का उपयोग किया है। श्रीमती सिंह का कहना है कि ममता पाठक उनके पति की लगभग डेढ़ करोड़ से ज्यादा की प्रॉपर्टी पर कब्जा करना चाहती हैं। 

इस मामले में ममता पाठक का पक्ष सामने नहीं आया है लेकिन पता चला है कि एक कमर्शियल प्रॉपर्टी की डील के मामले में आशीष अरोरा ने भी ममता पाठक के खिलाफ चुना भट्टी पुलिस थाने में मामला दर्ज कराया था। यह प्रॉपर्टी एमके सिंह ने ली थी। जिसे उनकी मृत्यु के बाद मेघनम संस्था को बेच दिया गया। आशीष अरोड़ा का आरोप है कि यह सौदा ममता पाठक ने किया। इसके बदले उन्हें जो चेक दिए गए थे वह बाउंस हो गए।