BHOPAL NEWS- नगर निगम अधिकारी के खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला दर्ज, सफाई प्रभारी पकड़ा गया

भोपाल।
पॉलिथीन व्यापारी पंकज खूबचंदानी, सिंधी कॉलोनी भोपाल ने लोकायुक्त से शिकायत की थी कि नगर निगम भोपाल का स्वास्थ्य अधिकारी अजय श्रवण उससे रिश्वत की मांग कर रहे हैं। लोकायुक्त पुलिस के एसपी मनु व्यास ने शिकायत की प्राइमरी इन्वेस्टिगेशन करवाई, जिसमें शिकायत सही पाई गई। इसके बाद एक योजना बनाई गई। 

मनु व्यास एसपी लोकायुक्त पुलिस ने बताया कि प्लानिंग के तहत शिकायतकर्ता व्यापारी पंकज खूबचंदानी को ₹10000 रिश्वत देने के लिए भेजा गया। स्वास्थ्य अधिकारी अजय श्रवण की तरफ से नगर निगम जोन क्रमांक 4 का सफाई अधिकारी रिश्वत की रकम प्राप्त करने के लिए पंकज से मिलने आया। रिश्वत की रकम का लेनदेन होते ही मौके पर मौजूद लोकायुक्त पुलिस की टीम ने उसे पकड़ लिया। सतीश को भोपाल रेलवे स्टेशन के पास गुरुवार रात ट्रैप किया। लोकायुक्त पुलिस ने दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। 

नगर निगम भोपाल स्वास्थ्य अधिकारी के घर लोकायुक्त का छापा

इसके तत्काल बाद लोकायुक्त पुलिस ने स्वास्थ्य अधिकारी अजय श्रवण के घर आय से अधिक संपत्ति की तलाश के लिए सर्चिंग शुरू कर दी। समाचार लिखे जाने तक लोकायुक्त पुलिस की टीम नगर निगम भोपाल के स्वास्थ्य अधिकारी अजय श्रवण के घर पर थी। 

अजय श्रवण स्वास्थ्य अधिकारी नहीं सफाई कामगार है 

हर माह 16 हजार रुपये वेतन के तौर पर पाने वाले नगर निगम के जोन क्रमांक पांच के एएचओ के पद पर कार्यरत अजय श्रवण वास्तविकता में नगर निगम में सफाई कामगार श्रेणी का कर्मचारी है। वरिष्ठ अधिकारियों के कृपा पात्र होने के कारण इसे निर्धारित योग्यता पूरी न करने के बावजूद बिना प्रमोशन किए ही एएचओ बना दिया गया। 11 दिसंबर 2021 को जोन क्रमांक पांच के एएचओ रमाकांत यादव को हटाकर अजय श्रवण को एएचओ बना दिया गया था। इस बात से नाराज होकर यादव ने हाईकोर्ट में याचिका भी लागई थी।

अजय श्रवण सस्पेंड

आयुक्त नगर निगम भोपाल श्री व्ही.एस. चौधरी कोलसानी ने श्री अजय श्रवण सफाई कामगार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। श्री श्रवण के विरुद्ध लोकायुक्त कार्यालय द्वारा पॉलीथिन व्यापारी से रिश्वत की मांग करने पर आरोपी बनाया जाकर आपराधिक प्रकरण दर्ज किया गया है। उल्लेखनीय है कि नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह ने आपराधिक प्रकरण दर्ज होने के बाद श्री श्रवण को निलंबित करने के निर्देश दिये थे। भोपाल की महत्वपूर्ण खबरों के लिए कृपया bhopal news पर क्लिक करें।