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BHOPAL में भारी बारिश रोकने मेंढक और मेढकी का तलाक

भोपाल। भोपाल में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने अब पूरे शहर को प्रभावित कर दिया है। लोग बारिश बंद होने और मौसम से खुलने के लिए प्रार्थनाएं करने लगे हैं। लोग अच्छी बारिश के लिए मेंढक और मेढकी की शादी कराते हैं। यहां बारिश रोकने के लिए मेंढक और मेढकी का तलाक करवा दिया गया। 

19 जुलाई 2019 को शादी करवाई थी

भारी बारिश से परेशान राजधानी भोपाल में लोगों ने मेंढक और मेंढकी का तलाक करवा दिया। जब एमपी में बारिश नहीं हो रही थी, लोगों को सूखे की आशंका सता रही थी, तो अच्छी बारिश की उम्मीद में लोगों ने 19 जुलाई 2019 को मेंढक और मेंढकी की शादी करवाई थी। इन लोगों का मानना था कि मेंढक और मेंढकी की शादी से भगवान इंद्र प्रसन्न होंगे और प्रदेश में अच्छी बारिश होगी।

जनता हर ओर त्राहिमाम कर रही है

भगवान ने इनकी प्रार्थना सुन ली और मध्य प्रदेश में जमकर बारिश हुई, लेकिन ऐसा लगता है किए इंद्र देवता कुछ ज्यादा ही खुश गए। इस बार एमपी में मूसलाधार बारिश हो रही है। यहां अब इतनी बारिश हो चुकी है कि जनता हर ओर त्राहिमाम कर रही है। 11 सितंबर तक मध्य प्रदेश में सामान्य से 26 फीसदी ज्यादा बारिश हो चुकी है और मध्य प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। यही नहीं राजधानी भोपाल में तो बारिश करीब 13 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ने के पास पहुंच गई है।

भोपाल में अब तक 45 फीसदी ज्यादा बारिश

भोपाल में अब तक सामान्य से 45 फीसदी ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की जा चुकी है। आलम यह है कि बीते 1 हफ्ते से भोपाल के दो डैम कलियासोत और भदभदा के गेट खुले हुए हैं। वहीं 3 साल बाद कोलार डैम के भी सभी गेट खोलने पड़े हैं। मौसम विभाग ने पिछले तीन दिनों में मध्य प्रदेश के 32 से 38 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की थी।

ओम शिव सेवा शक्ति मंडल ने तलाक करवाया

बुधवार को भी भारी बारिश के बाद भोपाल की निचली बस्तियों में पानी भर गया था। अब भारी बारिश की इस त्रासदी से बचने के लिए लोगों को एक बार फिर से भगवान याद आए हैं। इंद्रपुरी इलाके के ओम शिव सेवा शक्ति मंडल के सदस्यों ने बुधवार शाम प्रतीकात्मक रूप से मेंढक और मेढकी का तलाक करवाया. इस दौरान बकायदा मंत्रोच्चार भी किया गया और फिर विधिवत मेंढक और मेंढकी को अलग किया गया। ओम शिव सेवा शक्ति मंडल के सदस्यों का मानना है की जिस तरह से मेंढक मेंढकी की शादी के बाद प्रदेश में भारी बारिश से हाहाकार मच गया है अब इन्हें अलग करने के बाद प्रदेश के लोगों को भारी बारिश से राहत मिलेगी।