ग्वालियर। बहुमंजिला इमारतों में रहने वाले लोग अगर बिल्डर या सोसाइटीज को सुरक्षा और मेंटेनेंस के नाम पर शुल्क अदा करते हैं तो चोरी या अन्य दुर्घटना में हुए नुकसान के लिए वे उपभोक्ता फोरम में हर्जाने का दावा कर सकते हैं। एक्सपर्ट्स का मानना है कि सुरक्षा में ढिलाई सेवा शर्तों का उल्लघंन है।
अधिवक्ता संजय शर्मा ने बताया कि अगर मल्टीस्टोरी में निवास करने वाला परिवार सोसायटी व बिल्डर को सुरक्षा निधि एकमुश्त या प्रतिमाह अदा करता है तो चोरी होने की स्थिति में वह उससे हर्जाना मांग सकता है। हर्जाने के लिए वह उपभोक्ता फोरम में दावा प्रस्तुत कर सकता है। उसे पूरा हर्जाना मिलेगा। बशर्ते सुरक्षा निधि देने का प्रमाण उसके पास लिखित में होना चाहिए। लिखित में यह भी होना चाहिए है कि सुरक्षा के लिए क्या-क्या उपाय करने के लिए यह राशि ली गई है।
- पुलिस जांच में ये कमियां मिलीं-
- पुलिस का कहना है कि सुरक्षा के नाम पर बिल्डर व मल्टी की सोसायटी मोटी रकम फ्लैट में रहने वाले लोगों से वसूल रहीं हैं, लेकिन सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं किए हैं।
- मल्टी में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हैं। जिनमें लगे हैं, उनमें रिकॉर्डिंग नहीं होती है।
- सुरक्षा गार्ड केवल गेट पर बैठे रहते हैं। मल्टी में आने-जाने वाले को टोकते तक नहीं हैं। आगंतुकों का नाम-पता मोबाइल नंबर व किसके यहां आए हैं आदि जानकरी नोट नहीं करते हैं।
- किराएदारों की जानकारी विधिवत पुलिस को नहीं दी गई है।
- मल्टी में घरेलू में काम करने के लिए आने वालों का भी पुलिस वैरीफिकेशन नहीं कराया गया है।
