मप्र केबीनेट मीटिंग के निर्णय 08 सितम्बर 2015

Updesh Awasthee
भोपाल। प्रदेश के 32 शहर को अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन में शामिल किया गया है। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में आज मंत्रालय में संपन्न राज्य मंत्रि-परिषद् की बैठक में प्रदेश में अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन (अमृत) लागू करने का निर्णय लिया गया। भारत सरकार ने 10 लाख से अधिक आबादी वाले नगर के लिये योजना लागत का 33 प्रतिशत और 10 लाख से कम आबादी वाले नगर के लिये 50 प्रतिशत राशि उपलब्ध करवाने का निर्णय लिया है। दस लाख से अधिक जनसंख्या वाले शहरों के लिये योजना में लगने वाली राशि का शेष 50 प्रतिशत राज्य शासन द्वारा तथा 17 प्रतिशत नगरीय निकाय द्वारा वहन किया जायेगा। इसी प्रकार 10 लाख से कम जनसंख्या वाले शहरों के लिये 40 प्रतिशत राशि राज्य सरकार द्वारा तथा 10 प्रतिशत राशि नगरीय निकाय द्वारा वहन की जायेगी।

बुन्देलखण्ड चिकित्सा महाविद्यालय सागर में आवश्यक निर्माण कार्य के लिये मंत्रि-परिषद् ने 158 करोड़ की पुनरीक्षित स्वीकृति देने का निर्णय लिया है। महाविद्यालय के संबंधित निर्माण कार्य मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल द्वारा किये जा रहे हैं। इसके साथ ही राज्य शासन द्वारा होशंगाबाद जिले के औद्योगिक क्षेत्र मोहासा (बाबई) की 635 हेक्टेयर भूमि को जन-निजी भागीदारी-डिजाइन बिल्ड फायनेंस आपरेट एण्ड ट्रांसफर (डीबीएफओटी) के आधार पर विकसित करने के लिये प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गयी। परियोजना का क्रियान्वयन मध्यप्रदेश औद्योगिक केन्द्र विकास निगम, भोपाल द्वारा किया जायेगा। मंत्रि-परिषद ने प्रदेश में दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना के क्रियान्वयन के लिये अनुमोदन प्रदान किया।

राज्य मंत्रि-परिषद् ने आज मध्यप्रदेश अर्बन डेव्हलपमेन्ट कम्पनी की संरचना में संशोधन का निर्णय लिया। इसके अनुसार मुख्यमंत्री कम्पनी के चेयरमेन और नगरीय विकास एवं पर्यावरण मंत्री और मुख्य सचिव,वाइस चेयरमेन होंगे। कम्पनी में नगरीय प्रशासन एवं विकास आयुक्त प्रबंध संचालक होंगे। अपर आयुक्त नगरीय प्रशासन एवं विकास को अतिरिक्त प्रबंध संचालक बनाया जायेगा। कम्पनी के अन्तर्गत मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक साधिकार समिति सह-कार्यकारी समिति के गठन और समिति को सौंपे जाने वाले कार्य का निर्धारण भी स्वीकृत किया गया।

राज्य मंत्रि-परिषद् ने पशुपालन विभाग के सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारियों को द्वितीय क्रमोन्नत वेतनमान स्वीकृत किया है। नेशनल इन्स्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ रिहेब्लीटेशन के लिये भोपाल के कोटरा सुल्तानाबाद क्षेत्र में 5 एकड़ भूमि आवंटित करने का निर्णय राज्य मंत्रि-परिषद् द्वारा लिया गया। मंत्रि-परिषद् ने नगरीय निकायों को प्रदाय किये जाने वाले चुंगी क्षतिपूर्ति अनुदान का युक्तियुक्तकरण करने का निर्णय लिया है।

इसके अनुसार 2011 की जनगणना के आधार पर कम राशि प्राप्त करने वाले 151 निकाय को वर्ष 2014-15 में देय चुंगी क्षतिपूर्ति की राशि में 5 प्रतिशत की वृद्धि कर राशि स्वीकृत की जाये। ऐसे निकाय जिनमें देय चुंगी क्षतिपूर्ति से 5 प्रतिशत से कम की वृद्धि हो रही है उन्हें अधिक चुंगी क्षतिपूर्ति की राशि मिलेगी। जिन निकायों को जनसंख्या के आधार पर अधिक राशि प्राप्त हो रही है उन निकायों में 5 से 40 प्रतिशत तक वृद्धि वाले निकायों को उतनी ही राशि स्वीकृत की जाये, जो जनसंख्या के आधार पर परिगणित होती है। जिन निकायों को जनसंख्या के आधार पर अधिक राशि प्राप्त हो रही उन निकायों में से 40 प्रतिशत से अधिक वृद्धि वाले निकायों को 40 प्रतिशत तक की वृद्धि पर सीमित कर राशि स्वीकृत की जाये।

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!