नई दिल्ली, 22 अक्टूबर 2026: सिस्टम को दुरुस्त करने के लिए भारत का युवा पहली बार सड़कों पर नहीं उतरा है। 1974 के जेपी आंदोलन से लेकर 2011 के अन्ना आंदोलन तक भारत के करोड़ों युवाओं ने अपना भविष्य और कैरियर स्वाहा कर दिया परंतु रिजल्ट क्या हुआ, बताने की जरूरत नहीं है। यदि आप सचमुच सिस्टम बदलना चाहते हैं तो आपको ऐसे कार्यक्रम में शामिल होना चाहिए जहां से सिस्टम में शामिल होने का रास्ता मिलता है। भारत युवा सांसद एक ऐसा ही मंच है, यदि देश में बड़े बदलाव की क्षमता विकसित करना चाहते हो तो अभी रजिस्ट्रेशन करो।
फ्लैशबैक: जेपी आंदोलन और अन्ना आंदोलन का नतीजा
अन्ना आंदोलन के बारे में बहुत सारे लोगों को पता होगा। 2011 में भारत के लाखों युवा भ्रष्टाचार के खिलाफ जन लोकपाल विधायक के लिए दिल्ली के जंतर मंतर पर जमा हुए। अन्ना हजारे, आंदोलन का चेहरा थे। नतीजा आम आदमी पार्टी का गठन और अरविंद केजरीवाल को मुख्यमंत्री की कुर्सी मिली। 1974 के जेपी आंदोलन के बारे में शायद आपको नहीं पता होगा। समाजवादी नेता जयप्रकाश नारायण इस आंदोलन का चेहरा थे। लोकप्रियता ऐसी कि उनको लोकनायक कहा जाता था। नतीजा, मोरारजी देसाई भारत के प्रधानमंत्री बने। देश न केवल 25 साल पीछे चला गया बल्कि मोरारजी देसाई के कारण, पाकिस्तान परमाणु शक्ति बनने में सफल हुआ और भारत के सैकड़ो RAW एजेंट मारे गए। लालू प्रसाद यादव और मुलायम सिंह यादव जैसे कई नेता मुख्यमंत्री बने। सिस्टम सुधारने के स्थान पर और ज्यादा बिगड़ गया।
युवाओं को करना क्या है
मेरा युवा भारत (माय भारत), भोपाल की ओर से विकसित भारत युवा संसद (VBYP) 2027 के आठवें संस्करण के लिए युवाओं से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में नेतृत्व क्षमता विकसित करना, उन्हें सार्वजनिक मुद्दों से जोड़ना और राष्ट्रीय विकास के साथ नीति-निर्माण की प्रक्रिया में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करना है। इच्छुक युवा माय भारत के आधिकारिक पोर्टल https://mybharat.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। पंजीकरण की अंतिम तिथि 30 अक्टूबर निर्धारित की गई है। विकसित भारत युवा संसद 2027 का आयोजन विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग (VBYLD) 2027 के एक विशेष ट्रैक के रूप में किया जाएगा। इसके माध्यम से युवाओं को संसदीय परंपराओं, लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं और राष्ट्रीय महत्व के विषयों पर अपने विचार रखने का अवसर मिलेगा।
कार्यक्रम में भाग लेने के लिए आवेदक की आयु 17 अगस्त 2026 तक 18 से 25 वर्ष के बीच होनी चाहिए। युवा संसद के पिछले संस्करणों के राष्ट्रीय दौर के फाइनलिस्ट इस बार भाग लेने के पात्र नहीं होंगे। कार्यक्रम में विद्यार्थियों के साथ गैर-विद्यार्थियों, ग्रामीण युवाओं, महिलाओं और वंचित वर्गों के युवाओं को भी भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया है।विकसित भारत युवा संसद 2027 का आयोजन जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर ऑफलाइन किया जाएगा।
31 अक्टूबर से 10 नवंबर 2026 तक देश के 786 जिलों में जिला दौर आयोजित होगा। इसमें प्रतिभागियों को ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ विषय पर तीन मिनट का भाषण देना होगा। भाषण हिंदी, अंग्रेजी या किसी आधिकारिक क्षेत्रीय भाषा में दिया जा सकेगा। विशेषज्ञ जूरी प्रत्येक जिले से शीर्ष तीन प्रतिभागियों का चयन राज्य स्तर के लिए करेगी।
17 नवंबर से 7 दिसंबर 2026 तक संबंधित राज्यों की विधानसभाओं में राज्य स्तरीय दौर आयोजित किए जाएंगे। प्रत्येक राज्य और केंद्र शासित प्रदेश से शीर्ष तीन विजेताओं को राष्ट्रीय दौर के लिए चुना जाएगा।
राष्ट्रीय स्तर: 9 और 10 जनवरी 2027 को नई दिल्ली स्थित संविधान सदन (पुरानी संसद) के सेंट्रल हॉल में राष्ट्रीय दौर आयोजित होगा। इसमें 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से चयनित कुल 108 फाइनलिस्ट हिस्सा लेंगे। इस दौरान प्रतिभागियों को उद्घाटन सत्र, प्रश्नकाल और लघु चर्चा सत्र जैसी संसदीय गतिविधियों में भाग लेने का अवसर मिलेगा।
इसके बाद चयनित प्रतिभागी 11 और 12 जनवरी 2027 को विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग में शामिल होंगे। इस दौरान वे नीति-निर्माताओं से संवाद करेंगे तथा नई संसद और प्रधानमंत्री संग्रहालय का भ्रमण भी करेंगे।
प्रतिभागियों का मूल्यांकन कुल 100 अंकों के आधार पर किया जाएगा। इसमें विषय की प्रासंगिकता के लिए 20 अंक, स्पष्टता और संरचना के लिए 15 अंक, मौखिक संवाद एवं देहभाषा के लिए 25 अंक, नवाचार और रचनात्मकता के लिए 20 अंक, भाषा एवं प्रवाह के लिए 10 अंक तथा तीन मिनट की समय-सीमा का पालन करने के लिए 10 अंक निर्धारित हैं।
माय भारत ने पात्र युवाओं से अपील की है कि वे इस अवसर का लाभ उठाते हुए निर्धारित समय-सीमा के भीतर अपना पंजीकरण पूरा करें। आवेदन और पंजीकरण संबंधी जानकारी माय भारत के आधिकारिक पोर्टल https://mybharat.gov.in पर उपलब्ध है। आवेदन की अंतिम तिथि 30 अक्टूबर है।

