Opportunity - अंतरिक्ष में तारे का जन्म हो रहा है, LIVE देखना है तो आइए

उपदेश अवस्थी, 18 जनवरी 2026
: मैं आपको अंतरिक्ष में हो रही एक ऐसी घटना के बारे में बताना चाहता हूँ जिसे हाल ही में वैज्ञानिकों ने नासा (NASA) और यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ESA) के हबल स्पेस टेलीस्कोप के माध्यम से देखा है। हालांकि यह अपने खेत और पृथ्वी से 950 मिलियन वर्ष की दूरी पर है, लेकिन इसकी प्रक्रिया बहुत हद तक प्रकृति और विकास से जुड़ी है। 

पहले वीडियो देखिए फिर न्यूज़ पढ़िए तो ज्यादा समझ में आएगा


क्या आपको पता है अंतरिक्ष में तारे कैसे जन्म लेते हैं?

ज्यादातर लोगों को लगता है कि एक तारा छोटा होता है फिर धीरे-धीरे उसका साइज बड़ा होता चला जाता है, लेकिन ऐसा बिल्कुल भी नहीं है। एक तारे का जन्म बिल्कुल वैसे ही होता है जैसे ही खेत में एक फसल की पैदावार होती है। पहले जमीन के अंदर बीज पहुंचता है। फिर मिट्टी और दूसरे तत्वों के साथ उसकी एक प्रक्रिया शुरू होती है। प्रक्रिया पूरी होने के बाद जमीन के ऊपर फसल दिखाई देना शुरू होती है, बाद में उसका आकार बढ़ता है और वह अपने पूरे स्वरूप में आ जाती है। 

बिल्कुल वैसे ही तारे पूरी तरह से बने-बनाए पैदा नहीं होते। अंतरिक्ष में बादल एक दूसरे के साथ जुड़ना शुरू करते हैं। फिर उनके आसपास मौजूद धूल और गैस, बादलों में जमा होना शुरू हो जाती है। जब इस गठबंधन का घनत्व, उसके आसपास मौजूद वायुमंडल के घनत्व से अधिक हो जाता है। तब वह अपनी धुरी पर घूमना शुरू कर देता है। इसके कारण उसके अंदर गुरुत्वाकर्षण (Gravity) पैदा हो जाता है। यह गुरुत्वाकर्षण आसपास की चीजों को अंदर की तरफ खींच के एक लेयर बना देता है। जिससे एक गर्म केंद्र बनता है जिसे 'प्रोटोस्टार' (Protostar) कहा जाता है। इस प्रकार एक तारा अपने आकार में प्रकट होता है। 

नन्हे तारे बड़े कैसे होते हैं

जैसे अपने घर के बच्चे चंचल और ऊर्जावान होते हैं बिल्कुल वैसे ही ये नन्हे तारे बहुत ही सक्रिय और गतिशील होते हैं। बिल्कुल नटखट बच्चों की तरह वायुमंडल में मौजूद सामग्री को पहले खींचते हैं और यदि उपयोगी नहीं लगती तो सामग्री को तेज हवाओं और जेट्स के रूप में बाहर फेंक देते हैं। नन्हे तरीका यह उधम (उद्यम) भविष्य के ग्रहों के लिए वातावरण तैयार करता है। 

नवजात तारे के घर का पता और दूरी

अंतरिक्ष में इस अद्भुत दृश्य को खगोलविदों की मदद से आप भी देख सकते हैं। यह अपनी पृथ्वी से लगभग 950 प्रकाश वर्ष दूर है। इसका मतलब हुआ लगभग 9,000 खरब किलोमीटर (या 9 क्विंटिलियन के करीब, लेकिन वैज्ञानिक नोटेशन में 9 × 10¹⁵ km)।

अंतरिक्ष में एक स्थान है जिसको अपने वैज्ञानिक बने 'परसियस मॉलिक्यूलर क्लाउड' (Perseus molecular cloud) नाम दिया है। इसके अंदर एक घर है जिसका नंबर NGC 1333 है। नए तारे का जन्म इसी घर में हो रहा है। 

आप चाहे तो इस तारे की जन्मोत्सव में भाग ले सकते हैं। अपनी आंखों से देख सकते हैं। आपको बस अंतरिक्ष के लिए काम करने वाली किसी भी सरकारी संस्था के ऑफिस तक जाना है। सामान्य टेलिस्कोप से कुछ नहीं दिखाई देगा, लेकिन एक खगोलविद आपको लाइव टेलीकास्ट दिखा सकता है। 

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