मध्य प्रदेश पंचायत चुनाव प्रचार में नियम तोड़ने वालों के खिलाफ FIR के निर्देश- JABALPUR NEWS

जबलपुर
। जिला दण्डाधिकारी एवं कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी ने पंचायत चुनाव के मद्देनजर निर्वाचन क्षेत्रों में मध्यप्रदेश संपत्ति विरूपण अधिनियम का कडाई से पालन कराने का आदेश जारी किया है। आदेश में कहा गया है कि संपत्ति के स्वामी की लिखित अनुज्ञा के बिना सार्वजनिक दृष्टि में आने वाली किसी संपत्ति को स्याही, खड़िया, रंग या किसी अन्य पदार्थ से लिखकर या चिन्हित करके उसे विरूपित करने पर संबंधित को एक हजार रूपये तक के जुर्माना से दण्डित किया जाये। 

जारी आदेश के अनुसार चुनाव प्रचार के दौरान यदि विभिन्न राजनैतिक दलों अथवा चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों द्वारा किसी शासकीय एवं अशासकीय भवन की दीवालों पर किसी भी प्रकार के नारे लिखकर एवं बैनर-पोस्टर लगाकर विकृत किया जाता है, तो उस स्थिति में ऐसे बैनर व पोस्टर हटाने के लिए तथा चुनावी नारे मिटाने के लिए जिले के त्रि-स्तरीय पंचायत निर्वाचन क्षेत्रों से संबंधित पुलिस थाने में "लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता" गठित किये जायेंगे। 

लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ते में लोक निर्माण विभाग के स्थायी गैंग के कर्मचारी शामिल होंगे। दस्ते को कार्यवाही में सहयोग के लिये संबंधित पुलिस थाने के एक सहायक उप निरीक्षक एवं क्षेत्र के पटवारी की ड्यूटी भी लगाई गई है। लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ते को लोक सम्पत्ति का विरूपण से बचाने के लिये सभी आवश्यक सामग्री जैसे गेरू, चूना, कूची बांस एवं सीढ़ी आदि उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गये हैं। लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता संबंधित अनुविभागीय दण्डाधिकारी, अनुविभागीय पुलिस अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं थाना प्रभारी के सीधे देखरेख में कार्य करेगा। 

लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता निर्वाचन की समाप्ति तक प्रतिदिन भ्रमण करते हुये लोक सम्पत्तियों को विरूपित होने से रोकेगा। आदेश में कहा गया है कि यदि चुनाव लड़ने वाले किसी अभ्यर्थी द्वारा किसी निजी संपत्ति को उसके स्वामी की लिखित सहमति के बिना विरूपित किया जाता है तो निजी सम्पत्ति स्वामी द्वारा संबंधित थाने में एफआईआर दर्ज कराई जा सकेगी तथा लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता को इसकी सूचना दी जा सकेगी। 

सूचना पर लोक सम्पत्ति सुरक्षा दस्ता सम्पत्ति को विरूपित होने से बचाने की कार्यवाही करेगा तथा थाना प्रभारी द्वारा प्रथम सूचना रिपोर्ट के आधार पर विधिवत जांच की जाकर सक्षम न्यायालय में चालान प्रस्तुत किया जायेगा। आदेश के मुताबिक थाना प्रभारी लोक सम्पत्ति विरूपण में संबंधित प्राप्त शिकायतों को एक पंजी में पंजीबद्ध करेंगे। 

विरूपण समाप्त किये जाने में होने वाले व्यय को संबंधित अभ्यर्थी या विरूपण करने वाले व्यक्तियों से वसूल करेंगे तथा वसूल की गई राशि की जानकारी प्रतिदिन लोक निर्माण विभाग के माध्यम से जिला दण्डाधिकारी को विहित प्रारूप में सूचित करेंगे।