CM शिवराज सिंह ने CPA को भंग क्यों किया, प्रशासनिक गलियारों में शनिवार का बड़ा सवाल - BHOPAL NEWS

भोपाल।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने शुक्रवार को राजधानी भोपाल की सड़कों के मेंटेनेंस के लिए बुलाई गई। मीटिंग में अचानक सीपीए को भंग करने के आदेश जारी कर दिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि परंपरा बदल दो, सीपीए आज से, अभी से, तत्काल प्रभाव से भंग कर दी जाती है। लोग जानना चाहते हैं कि आखिर ऐसा क्या हुआ जो CPA को इस तरीके से अचानक खत्म कर दिया गया।

CPAMP की टीम में कितने लोग हैं

सीएपी में 1 अधीक्षण यंत्री, 4 EE, 20 एसडीओ, 50 सब इंजीनियर व करीब 250 कर्मचारियों समेत 325 लोगों का स्टाफ है। इसके अलावा, 1000 से ज्यादा दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी हैं। इसका बजट लगभग 150 करोड रुपए प्रति वर्ष है। सभी अधिकारी एवं कर्मचारी पीडब्ल्यूडी, पीएचई, नगरीय प्रशासन, हाउसिंग बोर्ड, बीडीए आदि विभागों से प्रतिनियुक्ति पर लाए गए हैं यानी अपने अपने काम में विशेषज्ञ हैं।

CPAMP ने भोपाल में क्या किया 

वर्तमान में CPAMP-Capital Project Administration द्वारा कलियासोत नदी पर 6 करोड़ रुपये का ब्रिज या जेके रोड समेत 25 प्रोजेक्ट चल रहे हैं। इसके अलावा, 92.5 किमी सड़कों का मेंटेनेंस भी राजधानी परियोजना प्रशासन के पास ही है। सीपीए सिर्फ सड़कों का काम ही देखता था। नए शहर को खूबसूरती देने में उसकी बड़ी भूमिका रही है। नए मंत्रालय एनेक्सी बनाने से लेकर VIP रोड जैसे कई बड़े काम उसने ही किए हैं। भारत, भवन, शौर्य स्मारक, ट्राइबल म्यूजियम, मानव संग्रहालय, टीटी नगर स्टेडियम, सतपुड़ा, विध्यांचल आदि इमारतें भी सीपीए ने बनाई है। इसके अलावा 132 एकड़ में सात बड़े पार्क बनाए हैं। इनमें एकांत, प्रियदर्शनी, मयूर, चिनार, प्रकाश तरण पुष्कर आदि शामिल हैं। वर्तमान में 25 से ज्यादा प्रोजेक्ट चल भी रहे हैं।

भोपाल में CPAMP की जरूरत क्या थी 

सन 1956 में भोपाल को मध्य प्रदेश की राजधानी बनाया गया। 4 साल यानी 1960 तक भोपाल शहर पुराना देहात बना रहा। सभी एजेंसियों के अधिकारी आपस में झगड़ा किया करते थे। इसलिए डिसाइड किया गया कि सभी डिपार्टमेंट के अधिकारियों को मिलाकर एक नया डिपार्टमेंट बनाया जाएगा जो भोपाल शहर की देखभाल करेगा। आवास एवं पर्यावरण विभाग के अंतर्गत CPA का गठन किया गया और राजधानी परियोजना प्रशासन ने अपने उद्देश्य को पूरा किया। स्मार्ट सिटी के अलावा भोपाल शहर में जो कुछ भी दिखाई देता है, सब राजधानी परियोजना प्रशासन की देन है।

CM शिवराज सिंह ने CPAMP को भंग क्यों किया 

जिन लोगों का सीएम हाउस और मंत्रालय में आना जाना नहीं है, वह समझ नहीं पा रहे हैं कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राजधानी परियोजना प्रशासन को खत्म क्यों कर दिया। यदि अधिकारी ठीक प्रकार से काम नहीं कर रहे थे तो उन्हें बदला जा सकता है। सिस्टम को सुधारा जा सकता था। भोपाल जैसे शहर के लिए एक एजेंसी की पॉलिसी गलत नहीं कही जा सकती और 1960 से लेकर 2021 तक इसी एजेंसी ने सफलतापूर्वक भोपाल में काम किया है। वायरल हुए वीडियो में मुख्यमंत्री ने जिस प्रकार चार एजेंसियों का नाम सामने आने के बाद अचानक CPA को समाप्त करने की घोषणा की, कोई भी कह सकता है कि वह पहले से मन बना कर आए थे। सवाल सिर्फ यही है कि CPA और CM के बीच झगड़ा क्या था।

21 अगस्त को सबसे ज्यादा पढ़े जा रहे समाचार

INDORE NEWS- आकाश विजयवर्गीय, सिंधिया से नाराज, मंच छोड़कर चले गए
MP NEWS- अतिथि शिक्षक मेरा मुद्दा नहीं था, घोषणापत्र था: ज्योतिरादित्य सिंधिया ने स्पष्ट किया
MP मेडिकल यूनिवर्सिटी घोटाला: कमिश्नर को कुलपति बनाया
MP BOARD- 10th-12th विशेष परीक्षा कार्यक्रम घोषित
BHOPAL NEWS- महिला IAS और वरिष्ठ IPS की कारें टकराई
MP Sports Talent Search 2021- ऑनलाइन एप्लीकेशन फॉर्म एवं पूरी जानकारी
MP NEWS- कमलनाथ ने केंद्र में अपनी भूमिका निर्धारित की, सोनिया गांधी की स्वीकृति का इंतजार
MP NEWS- डिप्टी कमिश्नर को गिरफ्तार करने लोकायुक्त की टीम ग्वालियर रवाना
MPPSC NEWS- फाइनल आंसरशीट जारी, 17 प्रश्न हटाए
MP OUTSOURCE EMPLOYEE NEWS- अनुभवी आउटसोर्स कर्मचारी को हटाकर नई भर्ती नहीं कर सकते: हाई कोर्ट
INDORE NEWS- लॉकडाउन में कंगाल हुए दुकानदार ने सुसाइड कर लिया

महत्वपूर्ण, मददगार एवं मजेदार जानकारियां

GK in Hindiएक पौधा जिसे खाने से महीने भर भूख-प्यास नहीं लगती
GK in Hindiमिनरल वाटर एक्सपायर नहीं होता, तो फिर बोतल पर एक्सपायरी डेट क्यों होती है
GK in Hindiभारत का सबसे पहला गांव कौन सा है, जहां मनुष्य, बंदर से इंसान बना
GK in Hindiइमरजेंसी में कार लॉक हो जाए तो जान बचाने के लिए क्या करें
GK in Hindi- चंद्रमा को मामा क्यों कहते हैं, पढ़िए वैज्ञानिक कारण
GK in Hindiकार का साइलेंसर पीछे, ट्रक का साइड में और ट्रैक्टर का सामने क्यों होता है
GK in Hindiअंग्रेजी के अक्षरों में i और j के ऊपर बिंदी क्यों लगाई जाती है
:- यदि आपके पास भी हैं ऐसे ही मजेदार एवं आमजनों के लिए उपयोगी जानकारी तो कृपया हमें ईमेल करें। editorbhopalsamachar@gmail.com
:- यदि आपके पास भी हैं ऐसे ही मजेदार एवं आमजनों के लिए उपयोगी जानकारी तो कृपया हमें ईमेल करें। editorbhopalsamachar@gmail.com


भोपाल समाचार: टेलीग्राम पर सब्सक्राइब करने के लिए कृपया यहां क्लिक करें Click Here
भोपाल समाचार: मोबाइल एप डाउनलोड करने के लिए कृपया यहां क्लिक करें Click Here