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LOVE MARRIAGE करने वालों के लिए सेफ हाउस बनाएगी कमलनाथ सरकार | MP NEWS

भोपाल। मध्य प्रदेश में अब आप पूरी स्वतंत्रता के साथ ना केवल प्यार कर सकते हैं बल्कि लव मैरिज (love marriage) भी कर सकेंगे। प्रेमियों को ऑनर किलिंग (Honor Killing to Lovers) या इस तरह के सामाजिक अत्याचार का खतरा हुआ करता था परंतु अब नहीं होगा। कमलनाथ सरकार (Kamal Nath government) लव मैरिज करने वालों की सुरक्षा के लिए सेफ हाउस (Safe House) बनवाने जा रही है। इसके अलावा जाति एवं समुदाय के बंधनों को तोड़कर शादी करने वालों के लिए विशेष प्रावधान किए जा रहे हैं। 

रिपोर्ट के मुताबिक राज्य की कमलनाथ सरकार इन प्रेमी जोड़ों के लिए राज्य के सभी जिलों में सेफ हाउसेस का निर्माण करने जा रही है जहां पर बेझिझक सुरक्षा में रह सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक ये सेफ हाउसेस राज्य के सभी 53 जिलों में बनवाए जाएंगे और जहां पर 24X7 सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। कपल यहां पर तब तक रह सकते हैं जब तक उन्हें सुरक्षा की जरूरत हो। 

घर से भागे प्रेमी युगल भी रह सकते हैं, सरकार शादी कराएगी

ये सेफ हाउसेस जिला प्रशासन और जिला एसपी के अंडर कंट्रोल में रहेंगे। वैसे कपल जिन्होंने घर और समाज के विरुद्ध जाकर शादी की है या वैसे जो उनके विरुद्ध जाकर शादी करने का प्लान बनाए हैं उनके लिए ऐसे सुरक्षित हाउसेस बनवाए जा रहे हैं। अविवाहित कपल की शादी के लिए प्रशासन की तरफ से मदद भी दी जाएगी। 

SP कार्यालय में डेस्क बनेगी

इस संबंध में राज्य पुलिस मुख्यालय ने गृह विभाग को क्लीयरेंस के लिए प्रपोजल भेजा है जिसके बाद इसे फायनांस विभाग में भेजा जाएगा। अविवाहित बालिग कपल भी पुलिस प्रशासन से संपर्क कर अपनी शादी के लिए मदद मांग सकते हैं। राज्य पुलिस मुख्यालय ने इस संबंध में एक प्रपोजल भी बनाया है और इसे राज्य के गृह विभाग को अप्रूवल के लिए भेज दिया है। इसके बाद इस प्रपोजल को फायनांस विभाग में भेजा जाएगा। 

नीचे पुलिस थाना, उपर सेफ हाउस बनेगा

इस प्रपोजल के तहत चार मंजिला बिल्डिंग बनाने की बात कही गई है जो जिले में थाने के करीब बनाया जाएगा ताकि वहां पर 24X7 सुरक्षा व्यवस्था रह सकती है। प्लान के मुताबिक बिल्डिंग की उपरी मंजिल पर तीन से चार कमरे होंगे जो कपल के लिए सुरक्षित आवास के लिए होंगे। ग्राउंड फ्लोर अधिकारियों को काम के लिए होंगे।

इसके अलावा बिल्डिंग की बाकी मंजिलों पर महिलाओं के खिलाफ होने वाले अन्य अपराधों के निपटारे के लिए इस्तेमाल किए जाएंगे। बता दें कि पिछले साल मार्च में सुप्रीम कोर्ट ने दो बालिग जोड़ों की शादी में अडंगा डालने वाले को अवैध बताया था। कोर्ट ने इसे खाप पंचायत और स्वयंघोषित ग्रामीण कोर्ट कहा था। इसके बाद कोर्ट ने राज्य सरकारों को सभी जिलों में सेफ हाउसेस बनाने की सलाह दी थी जहां पर कपल सुरक्षित रुप से रह सकें।