भोपाल। मध्यप्रदेश मंत्रि-परिषद ने लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा खरीदे गये 352 नये एम्बुलेंस वाहनों का उपयोग न्यूनतम आवश्यक फेब्रीकेशन के साथ 108 एम्बुलेंस सेवा के लिए किये जाने की अनुमति दी।
108 एम्बुलेंस सेवा के लिये 150 नये वाहन डीजीएस एण्ड डी रेट कान्ट्रेक्ट पर क्रय कर जीवीके ईएमआरआई को देने की अनुमति दी गई। मंत्रि-परिषद ने जीवीके ईएमआरआई के अनुबंध के स्थान पर एक नया अनुबंध निष्पादित करने की अनुमति दी। एम्बुलेंस सेवा को 'संजीवनी-108' नाम देने का निर्णय लिया गया।
उल्लेखनीय है कि वर्तमान में 10 जिलों में 102 वाहन के माध्यम से आपातकालीन त्वरित चिकित्सा सेवा उपलब्ध करवायी जा रही है। इसके माध्यम से पिछले 4 वर्ष में 4 लाख मरीज को अस्पताल पहुँचाया गया और लगभग 30 हजार रोगियों की जान बचायी गयी।
सेवा की उपयोगिता को ध्यान में रखते हुए राज्य शासन ने सभी 50 जिलों में इसका विस्तार करने का निर्णय लिया है। इसके लिए 352 अतिरिक्त एम्बुलेंस वाहन खरीदे जायेंगे। सेवा के लिए जीव्हीके ईएमआरआई संस्था के साथ अनुबंध को पुनरीक्षित किया गया है।
इसमें सेवा की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के विशेष प्रावधान किए गए हैं। नगरीय क्षेत्रों में 20 मिनट तथा ग्रामीण क्षेत्रों में 30 मिनट के भीतर एम्बुलेंस घटना स्थल पर मौजूद हो सकेगी। सेवा की मॉनीटरिंग के लिए राज्य स्तर पर प्रमुख सचिव स्वास्थ्य तथा जिला स्तर पर कलेक्टर की अध्यक्षता में समिति गठित की जाएगी।
