इंदौर, 13 जुलाई 2026: MG Hector car के सिक्योरिटी फीचर्स पर सवाल खड़ा हुआ है। रतलाम-इंदौर फोरलेन पर रविवार देर रात एक डिवाइडर से कार की टक्कर के बाद कार में सवार एक डॉक्टर और उनके ससुर की मौत हो गई, जबकि परिवार के अन्य लोग घायल हो गए। हालांकि कोई भी कार कंपनी एक्सीडेंट की स्थिति में जान बचाने की गारंटी नहीं देती लेकिन जब खरीदने जाते हैं तो सेल्समेन जोर देकर कहता है कि यदि एक्सीडेंट हुआ तो जान नहीं जाएगी।
MG Hector Crashes Into Divider, Doctor Among Two Dead; Safety Features Under Scrutiny
जानकारी के अनुसार, हादसा रविवार रात करीब 3:30 बजे धराड़ के आगे और टोल नाके से पहले एक छोटी पुलिया के डिवाइडर से हुआ। एमजी हेक्टर कार (MP04 CZ 5519) डॉ. मनीष सिंह के साढ़ू अजय गुप्ता चला रहे थे। डिवाइडर से टक्कर होते ही कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। डॉ. मनीष सिंह अपनी पत्नी स्टेफनी गुप्ता, दो बच्चों रैना और सयाना (7), साढ़ू अजय गुप्ता, उनकी पत्नी लवलीना गुप्ता और 80 वर्षीय ससुर शिवनारायण राजौरिया के साथ भोपाल से रतलाम लौट रहे थे। हादसे के बाद टोल नाके की एंबुलेंस और बिलपांक थाना पुलिस मौके पर पहुंची। सहायक उपनिरीक्षक समसु गरवाल ने टीम के साथ घायलों को बाहर निकालकर रतलाम मेडिकल कॉलेज पहुंचाया।
इस डिवाइडर से हुई टक्कर
डॉक्टर की मौके पर, ससुर की इलाज के दौरान मौत
अस्पताल में डॉक्टरों ने 42 वर्षीय डॉ. मनीष सिंह को मृत घोषित कर दिया। वहीं गंभीर रूप से घायल उनके ससुर शिवनारायण राजौरिया ने सोमवार सुबह उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। हादसे में घायल अन्य परिजनों का इलाज जारी है।
भोपाल में NHM के डिप्टी डायरेक्टर थे
डॉ. मनीष सिंह करीब एक वर्ष पहले रतलाम में पदस्थ हुए थे। इससे पहले वे भोपाल में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) में डिप्टी डायरेक्टर के पद पर कार्यरत थे। जून माह में तत्कालीन सीएमएचओ डॉ. संध्या बेलसेरे के अवकाश पर रहने के दौरान उन्होंने एक माह से अधिक समय तक प्रभारी सीएमएचओ की जिम्मेदारी भी संभाली थी। मूल रूप से वे ग्वालियर के निवासी थे।

.webp)


