भोपाल में हजारों किसानों के कारण हजारों बच्चे स्कूल नहीं जा पाए, AIIMS एवं अन्य अस्पतालों के रास्ते भी बंद

Updesh Awasthee
भोपाल, 29 जुलाई 2026:
सरकार से अपने हक की मांग करना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है परंतु दूसरे नागरिक को परेशान करके सरकार पर दबाव बनाना, इसको कैसे जस्टिफाई किया जा सकता है। सरकार पर निर्धारित लिमिट से 4 गुना ज्यादा मूंग खरीदने का दबाव बनाने के लिए आंदोलन कर रहे हजारों किसानों के कारण आज भोपाल में हजारों बच्चे स्कूल नहीं जा पाए। AIIMS एवं अन्य अस्पतालों के कई रास्ते भी बंद हैं क्योंकि किसान सड़कों पर बैठे हुए हैं। जबकि भोपाल में धरना प्रदर्शन करने के लिए बड़े-बड़े मैदान और पार्क मौजूद हैं। 

किसान आंदोलन के कारण ट्रैफिक जाम; स्कूलों की छुट्टी घोषित करनी पड़ी

भोपाल जिला प्रशासन द्वारा कल शाम से ही लगातार किसानों से अनुरोध किया जा रहा है कि वह आम रास्तों को ब्लॉक न करें लेकिन आंदोलन कर रहे किसान पूरी राजधानी का ट्रैफिक ब्लॉक करने की बात कर रहे हैं। मंगलवार को दोपहर में किसान आंदोलन के नाम पर लगभग 2000 लोग भोपाल की सड़कों पर घूम रहे थे। आज सुबह यह संख्या 5000 के आसपास हो गई है। सुबह हालत यह थी कि स्कूल बसों को भी रास्ता नहीं दिया गया। अंत में निराश होकर जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा 29 जुलाई को नर्मदापुरम रोड के स्कूलों की छुट्टी घोषित कर दी गई। केवल विद्यार्थी नहीं बल्कि स्टाफ की भी छुट्टी घोषित कर दी गई। मतलब स्थिति यह है कि सुबह के समय स्कूलों के शिक्षक भी स्कूल नहीं पहुंच पाए। 

AIIMS आदि कई अस्पतालों के रास्ते बंद

राजधानी भोपाल में स्थित एम्स अस्पताल, क्रिटिकल मामलों के लिए विख्यात है। प्रदेश भर से और यहां तक की उत्तर प्रदेश से भी गंभीर मरीजों को एम्स भोपाल रेफर किया जाता है। नर्मदापुरम रोड पर और भी कई अस्पताल हैं और जिन जिलों से आंदोलन करने के लिए किस आए हैं, उन जिलों के मरीजों को भी एंबुलेंस से इसी रास्ते से लाया जाता है लेकिन किसान आंदोलन के नाम पर AIIMS आदि कई अस्पतालों के रास्ते बंद कर दिए गए हैं। अनुरोध करने के बाद भी किसान हटाने को तैयार नहीं है। सिर्फ इतना ही नहीं है, सुबह के समय जब कुछ लोगों ने तेज आवाज में बात की तो आंदोलन के नाम पर रोड ब्लॉक किए बैठे लोग हिंसा की धमकी देने लगे। 
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