GWALIOR NEWS- उमा भारती के ट्रैक पर चल रहे हैं प्रद्युम्न सिंह तोमर

ग्वालियर
। परिस्थितियां ऐसी बनती जा रही है कि ज्योतिरादित्य सिंधिया को लास्ट मिनट में प्रद्युम्न सिंह तोमर का टिकट कंप्रोमाइज करना पड़ सकता है। प्रद्युम्न सिंह कांग्रेस से भारतीय जनता पार्टी में तो शामिल हो गए परंतु पार्टी का मैनेजमेंट शायद ठीक प्रकार से समझ नहीं पाए हैं। उमा भारती के ट्रैक पर चल रहे हैं और बताने की जरूरत नहीं की इस ट्रैक पर चलने वाला नेता किस स्टेशन पर आकर खड़ा हो जाता है। 

सबको अपने कंट्रोल में रखने की कोशिश में प्रद्युम्न सिंह तोमर के हाथ से सब कुछ निकलता जा रहा है। मुख्य सचिव से लेकर पंचायत सचिव तक हर कोई उनकी बातों को टालने की कोशिश कर रहा है। राजधानी भोपाल में मुख्य सचिव ने बिजली कंपनियों के कर्मचारियों अधिकारियों के ट्रांसफर करने के अधिकार छीन लिए। नगर निगम वाले उनके कहने पर कचरा तक नहीं उठाते। उनकी अपनी विधानसभा में उखड़ी हुई सड़कें नहीं बन रही हैं। 
लक्षण बताते हैं कि हालत गंभीर है। इसका इलाज महाराजा मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल में ही हो सकता है लेकिन प्रद्युम्न सिंह तोमर पुराने घरेलू नुस्खे आजमा रहे हैं। यहां मुख्यमंत्री पॉजिटिव माहौल बनाने के लिए सरकारी खजाने से करोड़ों रुपए खर्च कर रहे हैं और मंत्री जी चप्पल उतार कर पैदल चल रहे हैं। ऐसा करने से वह गेंडे वाली सड़क के लोगों में विश्वास जता सकते हैं कि वह अपनी तरफ से पूरी कोशिश कर रहे हैं, सरकार सुनवाई नहीं कर रही लेकिन इसके कारण टिकट खतरे में आ सकता है। 

प्रद्युम्न सिंह तोमर ने जूते चप्पल छोड़े

मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने बताया कि, आज ग्वालियर विधानसभा के लक्ष्मण तलैया एवं गैंडेवाली सड़क क्षेत्र में निर्माणाधीन सड़क एवं नाला निर्माण कार्यो का निरीक्षण कर सम्बंधित अधिकारियो को स्पष्ट निर्देश दिए है कि- तय समय सीमा में कार्य सम्पन्न कराए जाए अगर कोई भी लाहपरवाही होगी तो जिम्मेदारो के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी। 

उन्होंने कहा कि अगर मेरी देवतुल्य जनता को कष्ट होगा, तो उसका अहसास मुझे भी होना चाईए, इसलिए मैंने संकल्प लिया है जब तक सड़क नही बन जाती तब तक आपका सेवक भी जूता -चप्पल का त्याग करता है। जनसेवक होने के नाते यही मेरा धर्म है- यही मेरा कर्म है। 

प्रद्युम्न सिंह तोमर के इस संकल्प से सड़क बनेगी या नहीं यह तो बात की बात है परंतु उमा भारती की तरह सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश करना, भारतीय जनता पार्टी में दंडनीय अपराध है।