MP NEWS- बुंदेलखंड में भाजपा के पहलवानों का दंगल शुरू, प्रेस को बुलाकर आरोप लगाए

भोपाल।
मध्यप्रदेश में नगर पालिका नगर निगम और पंचायत चुनाव के दौरान भारतीय जनता पार्टी के अनुशासन की धज्जियां उड़ गई। चुनाव के दौरान नियम तोड़ने के रिकॉर्ड बनाए गए लेकिन चुनाव के बाद बुंदेलखंड में भाजपा के पहलवानों का दंगल शुरू हो गया। जो बात पार्टी के मंच पर कहीं जानी चाहिए थी, प्रेस को बुलाकर बयान जारी करवाए गए। 

केंद्रीय राज्य मंत्री प्रह्लाद सिंह पटेल दमोह विधानसभा सीट से सांसद हैं परंतु मूल रूप से जबलपुर के नेता है। इस हिसाब से सागर एवं दमोह क्षेत्र में बाहरी है। भाजपा ने उन्हें जातिवाद के लोधी समीकरण को साधने के लिए भेजा था। 2019 का लोकसभा चुनाव जीतने के बाद से उन्होंने पार्टी के लिए लोधी समाज को साधने के बजाय, बुंदेलखंड पर एकाधिकार करने की राजनीति शुरू कर दी। 

सागर में गोपाल भार्गव और दमोह में जयंत मलैया के साथ सीधा संघर्ष शुरू हुआ। विधानसभा उपचुनाव में बेटे के कारण जयंत मलैया का पार्टी में महत्व कम हो गया। प्रह्लाद पटेल को फायदा हुआ। अब गोपाल भार्गव के साथ संघर्ष चल रहा है। प्रहलाद पटेल ने अपने आवास पर पत्रकारों को बुलाकर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष शिवचरण पटेल से बयान जारी करवाया। 

कांग्रेस को जिताने के लिए भाजपा के लोगों ने षड्यंत्र रचा
शिवचरण पटेल ने कहा - कांग्रेस को जिताने के लिए भाजपा के लोगों ने षड्यंत्र रचा है, जिसमें पूर्व वित्त मंत्री जयंत मलैया, पूर्व विधायक लखन पटेल, जिला अध्यक्ष प्रीतम सिंह लोधी और वर्तमान मंत्री गोपाल भार्गव का हाथ है। इन सभी ने मिलकर भाजपा से चंद्रभान लोधी की पत्नी को चुनाव लड़ाने का अध्यक्ष बनाने का प्रयास किया, जबकि उनके पास सदस्य ही नहीं थे। मैंने उर्मिला बलराम पटेल को अध्यक्ष बनाने के लिए कहा था। मेरे पास 6 सदस्य थे, लेकिन वो नहीं माने। 

चुनाव प्रक्रिया के दिन सुबह मैंने चंद्रभान को फोन लगा कर कहा था कि यदि तुम्हें अध्यक्ष बनना है तो बन जाओ मैं 6 सदस्य तुम्हें दे रहा हूं। तुम्हारे भाई चंदन सिंह है, इसलिए उनके 8 सदस्य मिलकर अध्यक्ष बना सकते हैं, लेकिन उसके बाद भी बड़े नेताओं के षड्यंत्र के कारण यह सब नहीं हो पाया और चंद्रभान ने नामांकन जमा करने से हाथ खींच लिया और फिर अब बहाने बना रहे हैं। 

मंत्री गोपाल भार्गव और जयंत मलैया के खिलाफ कार्रवाई चाहते हैं पटेल

केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद पटेल ने प्रदेश अध्यक्ष से बात की है कि बीजेपी को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करने वालों के नाम उजागर हो चुके हैं, अब उनकी समीक्षा कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि दमोह उपचुनाव से लेकर अभी तक जितने भी षड्यंत्र हो रहे हैं वह सब उजागर हो रहे हैं। अब ऐसे लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि आगे आने वाले समय में भाजपा में स्वच्छ राजनीति लोगों को देखने मिले। खास बात यह है कि पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष पटेल के द्वारा ये सभी आरोप सांसद प्रहलाद पटेल के सामने लगाए गए।