इंदौर के व्यापारी और नागरिक मेट्रो ट्रेन को रास्ता देने के लिए तैयार नहीं, सर्वे टीम को लौटाया | INDORE NEWS

Bhopal Samachar
इंदौर। इंदौर में मेट्रो ट्रेन के रास्ते में लगातार रुकावटें आ रही है। छोटा गणपति मेट्रो अंडरग्राउंड स्टेशन के लिए सर्वे टीम जब मौके पर पहुंची तो वहां मौजूद व्यापारियों और रहवासियों ने सर्वे टीम का विरोध किया और उसे वापस लौटा दिया। मेट्रो ट्रेन की जद में आने वाले हैं मकान-दुकान और किसी भी तरह के निर्माण को हटा दिया जाएगा। सर्वे टीम की ओर से ऑफर किया गया है कि जिन लोगों के निर्माण दोस्त किए जाएंगे उन्हें कलेक्टर गाइडलाइन से 3 गुना मुआवजा दिया जाएगा परंतु लोगों का कहना है कि उन्हें यह मंजूर नहीं।

मेट्रो ट्रेन के 31.55 किमी के रूट में 29 स्टेशन आने वाले हैं। इनमें 23 एलिवेटेड रहेंगे, जबकि 6 अंडर ग्राउंड होंगे। स्टेशनों के लिए सर्वे कर रही मेट्रो प्रोजेक्ट की टीम पिछले दिनों एमजी रोड पहुंची। यहां टोरी कॉर्नर के व्यापारियों से टीम के सदस्यों ने बात की और नक्शा प्रस्तुत किया। इसमें अधिकारियों ने व्यापारियों और रहवासियों को बताया कि नेमीनाथ जैन मंदिर के पास से मेट्रो के अंडर ग्राउंड स्टेशन की एंट्री होगी। जिंसी रोड पर मस्जिद तक के हिस्से से लगाकर मल्हारगंज थाने के अगले चौराहे तक का पूरा हिस्सा अंडर ग्राउंड स्टेशन की जद में आ जाएगा।

मेट्रो लाइन के दायरे में लाने वाले हिस्से पूरी तरह तोड़े जाएंगे

नक्शे के मुताबिक इसमें गिरी होटल, फतेहपुरिया धर्मशाला, मल्हारगंज थाना और उसके सामने स्थित लाल अस्पताल भी दायरे में आ रहे हैं। सर्वे करने वाले अधिकारियों ने बताया कि यह पूरा हिस्सा टूटेगा। यहां आ रहे 60 से 70 मकानों और दुकानों के नाम-पते की जानकारी ली जा रही है। व्यापारियों और रहवासियों को कलेक्टर गाइड लाइन से तीन गुना मुआवजा मिलेगा।

राजबाड़ा से बड़ा गणपति तक 3 सब स्टेशन

गिरी रेस्त्रां के शेखर गिरी ने बताया बड़ा गणपति से कृष्णपुरा छत्री तक 60 फीट चौड़ी एमजी रोड के लिए मार्किंग हो चुकी है। यहां व्यापारियों और रहवासियों के निर्माण का 15 से 20 फीट तक का हिस्सा टूट में है। ऐसे में मेट्रो स्टेशन बना तो पूरा भवन ही खत्म हो जाएगा। उस स्थिति में हमारे व्यापार का क्या होगा? व्यापारियों और रहवासियों ने टीम को बिना कोई जानकारी दिए लौटा दिया। व्यापारियों ने कहा राजबाड़ा से बड़ा गणपति तक के हिस्से में मेट्रो प्रोजेक्ट के तहत 3 सब स्टेशन देना कहां तक सही है। थोड़ी-थोड़ी दूरी पर सब स्टेशन बनने से तोड़फोड़ बड़े पैमाने पर होगी, जिससे ज्यादा नुकसान होगा।
भोपाल समाचार से जुड़िए
कृपया गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें यहां क्लिक करें
टेलीग्राम चैनल सब्सक्राइब करने के लिए यहां क्लिक करें
व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करने के लिए  यहां क्लिक करें
X-ट्विटर पर फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें
Facebook पर फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें
समाचार भेजें editorbhopalsamachar@gmail.com
जिलों में ब्यूरो/संवाददाता के लिए व्हाट्सएप करें 91652 24289
Tags

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!