पिता ने 3 साल की बेटी के सामने माँ और नानी को चाकुओं से गोदा, फिर पानी पुरी खाई | INDORE NEWS

इंदौर। द्वारकापुरी थाना क्षेत्र में हुए एक सनसनीखेज घटनाक्रम में एक युवक ने अपनी तीन साल की बेटी के सामने पत्नी और सास की चाकुओं से गोद कर हत्या कर दी। घटना के बाद जब आसपास के लोगों ने उसे पकड़ा तो उन्हें चाकू दिखा कर भाग गया और कुछ दूर जाकर ठेले पर पानी पुरी खाने लगा। मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है। पारिवारिक विवाद में इस घटना को अंजाम देने की बात कबूल की है।  

पुलिस के मुताबिक घटना कल रात द्वारकापुरी शनि मंदिर रोड पर हुई। यहां पर रहने वाली नीतू पति संदीप सोनी 23 साल, 3 साल की बेटी गुड़‍िया और मां पदमा पति दौलत वर्मा 50 साल घर में थी। तभी संदीप सोनी वहां पर आया। संदीप ने आते ही घर में पड़ी मोगरी उठा कर पद्मा पर हमला करना शुरू कर दिया। नीतू ने बीच बचाव किया तो संदीप ने चाकू से पद्मा पर वार किया और उसे लहूलुहान कर दिया। मां को घायल देख नीतू बाहर भागी तो संदीप उसके पीछे भागा और उसे धक्का देकर दरवाजे से टकरा दिया। टक्कर लगते ही नीतू जमीन पर गिर गई। इसके बाद संदीप उस पर बैठ गया और ताबड़तोड़ सीने पर चाकू से वार कर दिया। उसकी तीन साल की बेटी यह देखती रही। पुलिस ने बताया कि संदीप मंगलवार को यहां पर आया था और दोनों को जान से मारने की धमकी देकर गया था।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि चीखे सुन कर हम लोग बाहर आए। कॉलोनी यहीं पर रहने वाले दो लोगों ने बीच बचाव कर आरोपित को पकड़ा तो वह चाकू लहराने लगा और मारने की धमकी देकर वहां से फरार हो गया। इसके बाद आरोपित कुछ दूरी पर जाकर पानी पुरी खाने लगा। इसी बीच लोगो ने 108 और पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची तो पता चला कि संदीप कुछ दूर ही खड़ा है। इसके बाद उसे पकड़ लिया। इधर घायल मां बेटी को एमवाय अस्पताल ले जाया गया। जहां उपचार के दौरान दोनों ने दम तोड़ दिया।

जानकारी के मुताबिक नीतू और संदीप ने करीब चार साल पहले प्रेम विवाह किया था। दोनों सिरपुर के यहां पर रहते थे। लेकिन बाद में उनके बीच में विवाद होने लगे। मामले की शिकायत पुलिस में भी हुई थी। संदीप के खिलाफ घरेलू हिंसा का केस भी चल रहा था। इसके बाद वे अलग रहने लगे। नीतू और उसकी मां सिलाई का काम करते थे।

पुलिस के मुताबिक नीतू और उसकी मां पद्मा 15 दिन पहले ही यहां रहने आए है। नीतू के पिता की मौत हो चुकी है। वे अपने नाना रामफल पिता खेमाजी वर्मा के साथ रहते थे। नाना विज्ञापन वाली सायकल चलाते है। घटना के कुछ देर पहले ही वे घर आए थे और कुछ काम के लिए घर से दूर चले गए थे। कुछ देर बाद लौटे तो पता चला कि बेटी और नाती की हत्या हो गई है।

तीन साल की मासूम को अब पता ही नहीं है, कि उसकी मां और नानी अब दुनिया में नहीं है। पड़ोस में रहने वाले लोग उसका ध्यान रख रहे है। कॉलोनी वालों का कहना है कि अब उसकी मां और नानी नहीं है। अगर कोई और रिश्तेदार सामने नहीं आता है,तो हम लोग ही उसका ध्यान रखेंगे।