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BHOPAL NEWS : खुले में नहाने पर 300 तथा सूखा और गीला कचरा अलग नहीं देने पर 200 का स्पॉट फाइन देना होगा

भोपाल। यदि आप अपने घर पर आने वाले कामगार को सूखा और गीला कचरा अलग-अलग नहीं देते हैं तो 200 रुपए का स्पॉट फाइन (Spot Fine) देना पड़ सकता है। किसी सार्वजनिक स्थान पर थूकने पर 250 रुपए और पालतू पशु द्वारा गंदगी करने पर 500 रुपए का स्पॉट फाइन लगेगा। किसी सार्वजनिक स्थान पर कार्यक्रम के लिए पूर्व अनुमति लेना होगी, इसके लिए स्वच्छता फीस जमा करना होगी। यदि चार घंटे के भीतर सफाई नहीं की तो यह फीस जब्त कर ली जाएगी।    

गंदगी फैलाने को लेकर स्पॉट फाइन की व्यवस्था पहले से लागू है, लेकिन अब नए आदेश में निगम ने इसे और स्पष्ट किया है। अब तक लागू आदेश में सार्वजनिक स्थलों पर गंदगी करने पर पहली बार में 500, दूसरी बार में 1000 और तीसरी बार में 2000 रुपए के फाइन का प्रावधान था। अब इसे छह अलग-अलग भाग में बांट दिया गया है, और यह 250 से 500 रुपए कर दिया गया है। खुले में स्नान करने और कपड़े, बर्तन धोने पर 300 रुपए का फाइन लगेगा। फाइन वसूली के लिए नगर निगम जोन स्तर पर अलग टीम बनाएगी। यह टीम पूरे जोन में घूम कर गंदगी करने वालों के खिलाफ चालान बनाएगी। अब तक दरोगा और एएचओ यह करते हैं और इसको लेकर विवाद होते हैं। 

हबीबगंज अंडरब्रिज के पास नाले में चिकन वेस्ट फेंकने आए दो युवकों को नगर निगम के स्वास्थ्य अधिकारी राकेश शर्मा ने पकड़ लिया। कुछ देर बाद उन्होंने तीसरे व्यक्ति को बुला लिया जो खुद को चिकन व्यवसायी बता रहा था। शर्मा जब तक इस व्यक्ति से बात कर रहे थे तब तक वो दोनों युवक चाबी सहित दोपहिया वाहन छोड़कर भाग गए। अमले ने यह गाड़ी हबीबगंज थाने के सुपुर्द कर दी है। 

नए और पुराने आदेश में एक बड़ा अंतर यह है कि पिछले आदेश में पहली बार, दूसरी बार, तीसरी बार और लगातार के लिए स्पॉट फाइन की अलग-अलग राशि तय की गई थी। लेकिन इस बार इसे समाप्त कर दिया गया है। दरअसल अमले के लिए इस तरह की मॉनिटरिंग मुश्किल थी। इसका नतीजा यह हो रहा था कि मैदानी अमला मनमर्जी से शुल्क वसूल रहा था। 

1 जनवरी 2018 से 31 दिसंबर 2018 तक गीला और सूखा कचरा अलग-अलग नहीं करने पर केवल 46 चालान हुए और इनसे 16,800 रुपए की वसूली हुई। जोन नंबर 6 में 36, जोन नंबर 16 में 2 और जोन नंबर 18 व 19 में 4-4 चालान इस श्रेणी में हुए। शेष किसी भी जोन ने इस पर कार्रवाई नहीं की। पूरे साल भर में अलग-अलग श्रेणियों में 23,664 चालान हुए व 50,21,351 रुपए की वसूली हुई।