बालाघाट में नक्सलियों ने फेंके भारत विरोधी पर्चे

सुधीर ताम्रकार/बालाघाट। जिले के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में नक्सलवादियों जमावडा बढता जा रहा है। आमानाला, दुगलई, बम्हनी, पालागोदी के जंगलों के रास्ते में माओवादियों द्वारा पर्चे फेंके गये है इन पर्चो में 26 जनवरी गणतंत्र दिवस को काला दिवस के रूप में मानने का आव्हान किया गया है। पर्चो में लिखा गया है कि 26 जनवरी गणतंत्र नही लूट तंत्र दिवस है गांव गांव में काले झण्डे फहराकर इस दिवस का विरोध करे और माओवादी पार्टी के झण्डे तले चल रहे जनयुद्ध में कूद पडो।

माओवादियों द्वारा फेके गये एक अन्य पर्चे में लिखा गया है कि लकडी को बीट की नीलामी कर करोडों रूपये कमाने वाली सरकार और उसके नुमाईदे वनविभाग को जंगल से मार भगायें। जन उपयोगी वृक्ष कोसुम, साजा, इमली, आम को लगाकर जंगलों सवर्धन करे। मलाजखंण्ड एरिया दल के नाम से फेके गये इन पर्चो में कहा गया है कि जमीन छोडकर भागो मत, जल,जंगल, जमीन के लिये तमाम आदिवासी दलित किसान मजदूर संघटित होकर संघर्ष करे अपना अधिकार छीने मोहरबली सोना खदान जंगला, तबलूटोला, हर्राटोला, चादी खदान जंगनटोला, स्टील प्लांट के लिये शिवराजसिंह चौव्हान बहुराष्टीय कंपनी के साथ किये गये समझौता रदद़ करने कान्हा पार्क विस्तार के नाम पर जनता का विस्तापन रोकने के लिये एकजूट होकर संघर्ष करने की बात कही गई है।

पुलिस अधीक्षक श्री अमित सांघी के अनुसार जंगलों में नक्सली पर्चे मिले है जिसमें 26 जनवरी को विरोध दिवस मानने की चेतावनी दी गई है तथा काला दिवस के रूप में मानने की बात कही गई है। नक्सली गतिविधियों के मददेनजर एर्लट कर पुलिस सर्चिंग बढाई जा रही है।