पूरे एशिया में भारत सबसे कम सैलरी देने वाला देश है। प्रोफेशनल सर्विस फर्म टावर्स वाटसन ने एशियाई देशों में सैलरी को लेकर सर्वे किया। सर्वे से पता चला कि भारत में एक फ्रेशर को औसतन 2215 रुपए प्रतिमाह सैलरी मिलती है, जबकि दक्षिण कोरिया और सिंगापुर में इसी स्तर पर सैलरी पांच गुनी है।
भारत के ग्रेजुएट युवा एशियाई देशों में सैलरी के मामले में सबसे नीचे आते हैं। सर्वे में जिक्र है कि ‘मेक इन इंडिया’ के तहत देश में मल्टी नेशनल कंपनियों में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।
सिर्फ 3 से 5 हजार वेतन
भारत में सामान्य ग्रेजुएट को 3-5 हजार मिलते हैं। सर्वे में आईआईटी व आईआईएम ग्रेजुएट्स की बात हैै। मुम्बई में भी बी. टेक को 20 हजार प्रतिमाह मिल रहे हैं। - नवलकिशोर चौधरी, पूर्व प्राचार्य, पटना कॉलेज
चीन के मुकाबले आधी सैलरी
आईटी सेक्टर में विकास के बाद भी एक इंजीनियरिंग मैनेजर भारत में 56,530 डॉलर यानी 3,757,397 रुपए कमाता है।
चीन में इसी पद पर काम करने वाला शख्स दोगुनी सैलरी (7,448,992 रुपए) पाता है। सिंगापुर में इसी पद पर काम करने वाले शख्स को 10,047,731 रुपए सैलरी मिलती है।

