बडवानी। पुलिस ने जब मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया था तब माना जा रहा था कि पुलिस की जांच गलत है। एक 73 साल का बूढ़ा व्यक्ति क्या बलात्कार कर सकता है परंतु न्यायालय में पुलिस की जांच सही पाई गई और बूढ़ा चाचा बलात्कारी ही निकला।
बडवानी के प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश हितेंद्र सिंह सिसोदिया ने आठ वर्षीय बालिका के साथ दुष्कृत्य करने के आरोप में दोषी पाए जाने पर बुधवार को एक तिहेत्तर वर्षीय व्यक्ति को 10 साल की सजा सुनाई।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार बडवानी के नवलपुरा इलाके के पेंटर इकबाल उर्फ मामू को दस साल की सजा से दंडित किया गया। अभियोजन के अनुसार उसने 13 जून 2014 को नवलपुरा के एकघर में 8 वर्षीय बालिका के साथ अप्राकृतिक कृत्य किया था। बालिका के शोर मचा दिए जाने पर लोगों ने इकबाल को पकड़ कर पुलिस को सौंप दिया था। इकबाल उस घर में पुताई के लिए गया था।
