भोपाल समाचार, 27 सितंबर 2026: शिवराज सिंह से लेकर जीतू पटवारी, कमलनाथ, राहुल गांधी, ज्योतिरादित्य सिंधिया और फिर से शिवराज के झूठे आश्वासनों के शिकार अतिथि शिक्षकों ने लोक शिक्षण संचालनालय के आयुक्त श्री अभिषेक सिंह से बड़ा ही विनम्र और मार्मिक प्रश्न किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा है कि, आयुक्त महोदय शिक्षकों की समस्याओं का समाधान कर रहे हैं। क्या हम अतिथि शिक्षक भी आपसे निवेदन कर सकते हैं?
फेसबुक पर उन्होंने भोपाल समाचार के साथ स्कूल शिक्षा विभाग को Tag करते हुए लिखा है कि, आदरणीय आयुक्त महोदय, क्या मध्यप्रदेश के स्कूल अतिथि शिक्षक भी अपने विभिन्न तरह की समस्याओं के समाधान हेतु सीधे आयुक्त तक अपनी समस्या गूगल फॉर्म के जरिए भेज सकते हैं। अगर इसमें ऐसा प्रावधान नहीं किया है तो उसको अतिथि शिक्षकों के लिए भी लागू करें। जिससे अतिथि शिक्षक दर-दर की ठोकर न खाना पड़े व सीधे अपनी समस्या का समाधान आयुक्त महोदय के माध्यम से करवा सके, क्योंकि कई बार जिला व संकुल स्तर पर समस्याओं का समाधान अधिकारी नहीं कर पाते हैं, इसलिए अतिथि शिक्षकों की समस्याओं के समाधान हेतु भी गूगल फार्म का विकल्प दें।
यहां उल्लेख करना जरूरी है कि मध्य प्रदेश में अतिथि शिक्षकों को, नियमित शिक्षकों के समान:-
✔कक्षा का संचालन करना पड़ता है।
✔विद्यालय में उपस्थित रहना पड़ता है।
✔ई-अटेंडेंस भरनी पड़ती है, लेकिन शिक्षकों के समान:
✖छुट्टी नहीं मिलती,
✖वेतन नहीं मिलता,
✖यहां तक कि सबसे अच्छा रिजल्ट देने के बाद भी अगली साल नियुक्ति का प्रावधान नहीं मिलता।
2018 से लेकर 2026 तक, हर बार जो मिलता है, बस आश्वासन मिलता है। रिपोर्ट: शैली शर्मा।

