GWALIOR NEWS- डॉक्टरों ने IPS ऑफिसर का किडनैप किया, गनर समेत बंधक बनाया, सरकारी वायरलेस लूटा

मध्यप्रदेश में डॉक्टर खुद को भगवान समझने लगे हैं। नैतिकता और मर्यादा तो दूर की बात कानून का पालन भी नहीं करते। यदि कार्रवाई होती है तो हड़ताल कर देते हैं, सरकार दबाव में आ जाती है। इसका नतीजा यह हुआ कि ग्वालियर में डॉक्टरों ने एसपी सिटी का मोबाइल लूटकर तोड़ दिया, उनकी गाड़ी पंचर कर दी, उनकी चाबी छीन ली और उनके गनर को भी पीटा। 

ग्वालियर में नाइट गश्त कर रहे CSP को हॉस्टल में किडनैप कर लिया

ACP शहर मृगांखी डेका ने बताया कि रात 2 बजे CSP मुरार ऋषिकेश मीणा गश्त पर निकले थे। मेडिकल कॉलेज रोड पर कुछ लड़के शराब पी रहे थे। उन्होंने छात्रों को रोकने की कोशिश की तो वे कार लेकर रविशंकर हॉस्टल में घुस गए। CSP के हॉस्टल में गाड़ी लेकर दाखिल होते ही अन्य जूनियर डॉक्टर भी हॉस्टल से बाहर आ गए। उन्होंने सबसे पहले गाड़ी की चाबी छीनी और टायर पंक्चर कर दिया। इसके बाद CSP से उनका मोबाइल लूटकर तोड़ दिया। सीएसपी को बचाने आए गनर को मेडिकल छात्र खींचकर अंदर ले गए और बंधक बनाकर बेरहमी से पीटा।

लूट और डकैती के आरोपियों के समर्थन में हड़ताल की तैयारी

इस घटना की सूचना जब वायरलेस पर दी गई तब रात्रि गश्त में मौजूद पुलिस बल रवि शंकर हॉस्टल पहुंचा और मुक्त कराया। पुलिस ने बताया कि छात्र गजराराजा मेडिकल कॉलेज ग्वालियर के हैं। हमलावर मेडिकल स्टूडेंट्स के खिलाफ डकैती, अपहरण और अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। सुबह घटनास्थल SSP अमित सांघी पूरी पुलिस फोर्स लेकर मौजूद थे। सूत्रों ने बताया कि जवाबी कार्रवाई करते हुए सुबह 5:00 बजे पुलिस बल हॉस्टल में घुसा और हमलावरों की लाल बत्तियां तोड़ दी। कॉलेज के सूत्रों का कहना है कि हर बार की तरह इस बार भी जूनियर डॉक्टर हड़ताल पर जाने की प्लानिंग कर रहे हैं। ताकि सरकार पर दबाव बनाया जा सके। 

ग्वालियर मेडिकल में गुंडागर्दी- देशभर में बदनाम 

यहां उल्लेख करना अनिवार्य है कि ग्वालियर मेडिकल में गुंडागर्दी देशभर में बदनामी का कारण बन रही है। मरीजों के अटेंडर्स के साथ दुर्व्यवहार के मुकदमे दर्ज किए जाएं तो पूरे ग्वालियर जिले से ज्यादा मामले केवल JAH हॉस्पिटल थाने में दर्ज होंगे। पिछले दिनों एक ट्रेनिंग कोर्स शुरू किया गया था जिसमें यह सिखाया गया था कि लोगों से अच्छा व्यवहार कैसे करें। शायद उस कोर्स का भी कोई असर नहीं हुआ।