MPPSC 2019- हाई कोर्ट में फैसले की तारीख निर्धारित, इंटरव्यू भी अंतिम निर्णय के अधीन

जबलपुर
। Madhya Pradesh Public Service Commission द्वारा आयोजित राज्य सेवा परीक्षा 2019, प्रारंभिक परीक्षा, मुख्य परीक्षा एवं इंटरव्यू सब कुछ हाई कोर्ट के निर्णय के अधीन कर दिया गया है। विवादित मामले में 31 मार्च को अंतिम सुनवाई की जाएगी। 

MPPSC NEWS- सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर शुरू हुई अर्जेंट हियरिंग

सोमवार को वरिष्ठतम न्यायाधीश सुजय पाल व न्यायमूर्ति डीडी बंसल की युगलपीठ के समक्ष मामला सुनवाई के लिए लगा। पीएससी के समस्त 49 प्रकरणों को वरीयता के आधार पर निर्णय के लिए सुप्रीम कोर्ट 21 मार्च को हाई कोर्ट को निर्देश जारी कर चुका था। इसी आधार पर अर्जेंट हियरिंग को महत्व दिया गया। पीएससी परीक्षा-2019 की प्रारंभिक व मुख्य परीक्षा सहित राज्य सेवा परीक्षा नियम-2015 में किए गए 17 फरवरी, 2020 के संशोधन की वैधानिकता को चुनौती देने वाली मुख्य याचिका के साथ 48 अन्य याचिकाएं लिंक करके सुनवाई शुरू की गई। 

MPPSC 2019 HIGH COURT NEWS- इंटरव्यू भी अंतिम निर्णय के अधीन

संबंधित अधिवक्ता बहस के लिए तैयार थे। लेकिन कोर्ट ने साफ किया कि इस मामले की बहस में अधिक समय लगेगा, इसलिए गुरुवार को टाप आफ द लिस्ट करके फाइनल हियरिंग की जाएगी। याचिकाकर्ताओं के अधिवक्ताओं ने हाई कोर्ट को अवगत कराया कि हाई कोर्ट के अंतरिम आदेश के बावजूद पीएससी परीक्षा-2019 की साक्षात्कार प्रक्रिया 29 मार्च से प्रारंभ की जा रही है। यह जानकारी रिकार्ड पर लेकर हाई कोर्ट ने साक्षात्कार प्रक्रिया को भी अंतिम निर्णय के अधीन करने का अंतरिम आदेश पारित कर दिया। 

MPPSC OBC आरक्षण विवाद के फैसले की तारीख निर्धारित

याचिकाकर्ताओं की ओर से आधिवक्ता रामेश्वर सिंह ठाकुर, विनायक प्रसाद शाह, विभिर खंडेलवाल, आदित्य संघी ने पक्ष रखा। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की ओर से परमानंद साहू, आरजी वर्मा व राज्य शासन की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता आशीष आनंद बर्नार्ड व हरप्रीत रूपराह खड़े हुए। सभी ने हाई कोर्ट के अंतरिम आदेश के बाद अब अंतिम स्तर की बहस के लिए तैयारी शुरू कर दी है।  उच्च शिक्षा, सरकारी और प्राइवेट नौकरी एवं करियर से जुड़ी खबरों और अपडेट के लिए कृपया MP Career News पर क्लिक करें.