एक देश जिसका कुल क्षेत्रफल मात्र 100 वर्गमीटर है: द किंगडम ऑफ़ एनक्लाव

Updesh Awasthee
गिरीश बिल्लोरे। निर्माण हो रहा है एक ऐसे राष्ट्र का जिसका क्षेत्र फल मात्र 100 वर्ग मीटर है आभासी दुनिया में तो स्थापित हो ही गया है. नाम प्यॉत्र वारजेंकीविज को जब पता लगा स्लोवेनिया के मेटलिका शहर के पास और क्रोएश्या की राजधानी जागरेब से करीब 50 किलोमीटर दूर एक ऐसी जगह के बारे में पता चला, जिस पर किसी का अधिकार नहीं है... बस फिर क्या था उस नो मैंस लैंड घोषित ज़मीन पर अधिकार घोषित कर दिया। 

हुआ कुछ यूं कि 1991 में यूगोस्लाविया का विघटन हुआ के दौरान विवादित भूमि को सर्वामतेन नो मैंस लैंड घोषित किया गया . बस फिर क्या था एक विचार बना कि बिना टेक्स देकर, सम्पूर्ण स्वतन्त्रता के साथ विश्व के किसी व्यक्ति को किसी ऐसे देश में रखा जावे जहां  जिसमें रंग, जाति, धर्म, का भेदभाव किये बगैर किसी को भी रखा जा सकता है . मुफ्त अद्ध्ययन , मुक्त अभिव्यक्ति , टेक्स भी न हो ..... 

इस निर्माणाधीन राष्ट्र का बाकायदा फेसबुक पेज भी है . जिसका यू आर एल है : https://www.facebook.com/TheKingdomOfEnclava इस यूं आर एल के ज़रिये विश्व का कोई भी नागरिक  इस देश के बारे में अधिक जानकारी प्राप्त कर सकता हैं .इतना ही नहीं इस बच्चा देश की वेब साईट भी है http://enclava.org/ . साथ ही  किंगडम ऑफ़ इन्क्लावा में 2015 के प्रथम चुनाव भी हो चुके हैं . तथा   अब तक हज़ारो आवेदन  नागरिकता  के लिए भेजे जा रहे हैं . जब भी किसी राष्ट्र को बच्चे का साथ खेलेन की इच्छा होगी तो सोचिये क्या होगा . 
गिरीश बिल्लोरे “मुकुल”

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!