मेरे बेटे के करियर में अब कुछ नहीं बचा: नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव | MP NEWS

Updesh Awasthee
भोपाल। लोकसभा टिकट के लिए 3-3 सीटों पर दावेदारी जता रहे मध्य प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव के बेटे अभिषेक भार्गव ने पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा वंशवाद के खिलाफ लिखे गए ब्लॉग के बाद अपनी दावेदारी वापस ले ली। इसी के साथ दुखी हुए गोपाल भार्गव ने कहा कि अब बेटे के करियर के लिए कुछ नहीं बचा है. हालांकि उन्होंने यही भी कहा कि पार्टी का निर्णय सर्वोपरि होगा।

दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वंशवाद को लेकार किए गए ब्लॉग के बाद अभिषेक भार्गव ने लोकसभा चुनाव में टिकट के लिए अपनी दावेदारी वापस ले ली। अभिषेक ने फेसबुक पर लिखा, 'आदरणीय मोदी जी और आडवाणी जी के वंशवाद के विरूद्ध दिए गए बयान के बाद स्वयं में अपराधबोध महसूस कर रहा हूं। इतने बड़े संकल्प को लेकर पार्टी राष्ट्रहित में एक युद्ध लड़ रही है और सिर्फ अपने व्यक्तिगत स्वार्थ के लिए उस संकल्प की सिद्धि के रास्ते मे रुकावट बनूं, यह भारतीय जनता पार्टी का कार्यकर्ता होने के नाते मेरा स्वाभिमान मुझे इजाजत नहीं देता'

इसके बाद टीवी न्यूज चैनल न्यूज18 से बातचीत में गोपाल भार्गव का दर्द छलका। उन्होंने कहा कि मेरा बेटा कई साल से पार्टी के लिए कार्य कर रहा है, लेकिन अब बेटे के करियर के लिए कुछ नहीं बचा है। गोपाल भार्गव ने यह भी कहा कि राजनीति में परिवार के किसी एक ही सदस्य को रहना चाहिए और पार्टी का जो भी निर्णय होगा वो सर्वमान्य होगा।

बता दें कि बुंदेलखंड की तीनों सीटो दमोह, सागर, खजुराहो से अभिषेक भार्गव का नाम केंद्रीय चुनाव समिति को भेजा गया है और टिकट बंटवारे के लिए चुनाव समिति में मंथन चल रहा है। इसी बीच अभिषेक भार्गव का यह बयान आ गया है। 

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!