यूपी: पुलिस कर्मचारियों को तीन गुना तक वेतनवृद्धि की सिफारिश

11 June 2018

लखनऊ। उत्तरप्रदेश राज्य वेतन समिति ने सरकार से पुलिस जवानों के भत्तों में डेढ़ से तीन गुना तक की वृद्धि की सिफारिश की है। समिति ने जवानों के शेडो भत्ता से लेकर परिवार आवास भत्ता, पीएसी भत्ता, एसटीएफ, एटीएस को जोखिम भत्ता बढ़ाने की मांग भी मान ली है। कई संवर्ग के उन जवानों के भत्तों में भी अधिक वृद्धि की सिफारिश की है, जो लंबे समय से लंबित हैं। सूत्रों ने बताया कि वित्त विभाग इन सिफारिशों का परीक्षण कर रहा है। इसके बाद कैबिनेट की सहमति से लागू करने पर विचार होगा। पुलिस महानिदेशालय ने पुलिस, पीएसी, एसटीएफ, एटीएस, एसआईटी समेत विभाग से जुड़े सभी तरह के कर्मियों के भत्तों में बढ़ोतरी का प्रस्ताव राज्य वेतन समिति को भेजा था। हालांकि समिति ने घुड़सवार, जल पुलिस व परिवहन शाखा जैसे कई समूहों से जुड़ी मांगें नहीं मानी।

जवानों के परिवार का आवास भत्ता बढ़ेगा
बैरक में रहने वाले पुलिस व पीएसी कर्मियों के परिवार यदि उसी नगर के शहरी क्षेत्र में रहते हैं तो उन्हें परिवार आवास भत्ता मिलता है। यह श्रेणी-ए, बी-1 तथा बी-2 के नगरों में 913 रुपये तथा श्रेणी सी के नगरों में 688 रुपये प्रतिमाह है। जिन्हें यह भत्ता स्वीकृत नहीं है और वे बैरक में रहते हैं, उन्हें 456 रुपये भत्ता मिलता है। समिति ने श्रेणी-ए, बी-1 तथा बी-2 श्रेणी के लिए 1000 रुपये तथा श्रेणी सी के नगरों में 800 रुपये प्रतिमाह भत्ते की सिफारिश की है। वहीं, 456 रुपये पाने वालों को 500 रुपये प्रतिमाह की सिफारिश की गई है।

पीएसी भत्ते में 1100 रुपये तक बढाने की सिफारिश
अपर पुलिस महानिदेशक ने पीएसी भत्ते को सेनानायक के अतिरिक्त अन्य सभी पदों के लिए मूल वेतन का एक प्रतिशत अधिकतम 6500 रुपये देने की मांग की थी। समिति ने यह मांग तो नहीं मानी, लेकिन महंगाई दर में वृद्धि, कार्य की प्रकृति व राज्य की आवश्यकता का हवाला देते हुए 100 से 1100 रुपये तक वृद्धि की सिफारिश की है।

एसटीएफ/एटीएस को जोखिम भत्ता 15 हजार तक
एसटीएफ/एटीएस की कार्यप्रकृति को देखते हुए इन्हें जोखिम भत्ता दिया जाता है। अभी एसटीएफ व एटीएस में अपर पुलिस महानिदेशक से चतुर्थ श्रेणी कर्मी तक मूल वेतन का 30 प्रतिशत अधिकतम 12500 रुपये प्रतिमाह जोखिम भत्ता पाते हैं। इसमें मूल वेतन व महंगाई भत्ते का 60 प्रतिशत दिए जाने की मांग की गई थी। समिति ने नई वेतन मैट्रिक्स लागू होने और उससे वेतन में 2.57 गुने की वृद्धि का हवाला देते हुए मूल वेतन का 25 प्रतिशत अधिकतम 15 हजार रुपये जोखिम भत्ता दिए जाने की सिफारिश की है।

पदनाम--वर्तमान में मिल रहा--सिफारिश
सेनानायक--1600--2700
उप सेनानायक/एएसपी--600--1000
सहायक सेनानायक/ स्टाफ ऑफिसर--600--1000
शिविरपाल--600--1000
दलनायक--400--700
सुबेदार मेजर--250--450
सुबेदार शिविरपाल--250--450
प्लाटून कमांडर--200--350
मुख्य आरक्षी--150--260
नायक--200--350
लांस नायक--150--260
आरक्षी व समकक्ष--100--200

नक्सल क्षेत्र भत्ता
पदनाम--वर्तमान में मिल रहा--सिफारिश
उप सेनानायक/एएसपी--4500--8000
सहायक सेनानायक/ पुलिस उपाधीक्षक--3750--6000
निरीक्षक/ उप निरीक्षक/कंपनी कमांडर/प्लाटून कमांडर--3000--5000
मुख्य आरक्षी/आरक्षी/आरक्षी चालक--1500--3000
चतुर्थ श्रेणी--1200--2000
BHOPAL SAMACHAR | HINDI NEWS का 
MOBILE APP DOWNLOAD करने के लिए 
प्ले स्टोर में सर्च करें bhopalsamachar.com

-----------

अपनी पसंदीदा श्रेणी के समाचार पढ़ने कृपया नीचे दिए गए श्रेणी के ​बटन पर क्लिक करें

Loading...

Popular News This Week

 
-->