गंदी हरकतों के कारण बाबा गुरमीत सिंह को SCHOOL से भी निकाल दिया गया था

Updesh Awasthee
डेरा सच्चा सौदा का प्रमुख बाबा गुरमीत सिंह 'राम रहीम' के नाम से सारी दुनिया में फेमस हुआ। जेड श्रेणी की सुरक्षा मिली। 6 करोड़ अनुयायियों का दावा किया। लाखों लोग उसे भगवान मानते थे। कोर्ट ने बीते रोज उसे बलात्कारी घोषित किया परंतु ऐसा नहीं है कि उसे लड़कियों के साथ गंदी हरकतों के लिए पहली बार दोषी माना गया हो। बचपन में उसे स्कूल से भी इसीलिए निकाल दिया गया था क्योंकि वो लड़कियों से अश्लील हरकतें किया करता था। 

सिरसा के डेरा सच्चा सौदा की साख का अब बेशक तिया-पांचा हो चुका हो लेकिन किसी ज़माने में ये डेरा ना सिर्फ़ हरियाणा, बल्कि पंजाब, राजस्थान, यूपी समेत आस-पास के कई राज्यों में श्रद्धा और भक्ति का केंद्र हुआ करता था। इस आश्रम की बुनियाद 69 साल पहले 29 अप्रैल 1948 को संत बेपरवाह मस्ताना जी महाराज ने रखी थी। लोग बताते हैं कि वो एक पहुंचे हुए संत थे, तब से लेकर अब तक इस डेरे की ओर से बहुत से समाज सेवा के काम भी किए गए लेकिन राम रहीम के गद्दीनशीं होने के बाद धीरे-धीरे इसकी साख़ जाती रही।

राम रहीम का जन्म राजस्थान के श्रीगंगानगर में 15 अगस्त 1967 को हुआ, वो अपने पिता मघर सिंह के साथ डेरे पर जाया करता था, जो डेरे के दूसरे गद्दीनशीन शाह सतनाम जी के शिष्य थे लेकिन शाह सतनाम जी ने राम रहीम को 23 साल की उम्र में डेरे की गद्दी सौंप दी। डेरे के साधक रहे कई लोग बताते हैं कि तीसरे गद्दीनशीं यानी राम रहीम को चुनने के मामले में शाह सतनाम जी से ग़लती हो गई। राम रहीम शुरू से ही ना सिर्फ़ रसिया किस्म का लड़का था, बल्कि स्कूल के दिनों से ही लड़कियों को छेड़ना, आस-पास के लोगों को परेशान करना उसकी आदतों में शुमार था। लड़कियों के साथ छेड़खानी की वजह से नवीं क्लास में गुरमीत को स्कूल से निकाल भी दिया गया था। दसवीं में इन्हीं हरकतों के वजह से गुरमीत फेल हो गए और उन्हें कंपार्टमेंट आया था, ये बाबा के दसवीं का रिजल्ट है।

पुराने लोग बताते हैं कि जब बेपरवाह मस्ताना जी ने डेरे की नींव रखी थी, तब यहां सचमुच आध्यात्मिक माहौल हुआ करता था, वो अपने भक्तों को धर्म की सीख देते और सालों तक लगातार ध्यान योग सिखाते रहे, उनके शागिर्द शाह सतनाम जी भी उन्हीं के नक्शे-कदम पर रहे लेकिन धीरे-धीरे राम रहीम के आने के बाद आध्यात्म की जगह दुनियावी चकाचौंध, महंगी गाड़ियों, कपड़ों, ऐशो आराम की चीज़ों से डेरा भरने लगा, और अब डेरा प्रमुख की करतूत का भांडा ऐसा फूटा है कि उसे सीधे सलाखों के पीछे पहुंचना पड़ गया।
भोपाल समाचार से जुड़िए
कृपया गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें यहां क्लिक करें
टेलीग्राम चैनल सब्सक्राइब करने के लिए यहां क्लिक करें
व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करने के लिए  यहां क्लिक करें
X-ट्विटर पर फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें
फेसबुक पर फॉलो करने के लिए यहां क्लिक करें
समाचार भेजें editorbhopalsamachar@gmail.com
जिलों में ब्यूरो/संवाददाता के लिए व्हाट्सएप करें 91652 24289

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!