भोपाल। अब सपरिवार कांग्रेस की सेवा में आ जुटे दिग्विजय सिंह के चिरंजीव जयवर्धन सिंह को लेकर कयासों का बाजार शुरू हो गया है। अपने भतीजे को नपा अध्यक्ष एवं भाई लक्ष्मण सिंह को वापस लाने के बाद अब कयासों का सिलसिला जयवर्धने के लिए शुरू हो गया है।
अनुमान लगाया जा रहा है कि दिग्विजय सिंह, अपने चिरंजीव की राजनैतिक शुरूआत युवक कांग्रेस से करेंगे। कहा यह भी जा रहा है कि राहुल गांधी से नजदीकी के चलते वो जयवर्धन सिंह को युवक कांग्रेस का अध्यक्ष भी बनवा सकते हैं परंतु राजनैतिक पंडितों का कहना है कि दिग्विजय सिंह जयवर्धन सिंह को अध्यक्ष जैसा महत्वपूर्ण सांगठनिक पद नहीं दिलाएंगे बल्कि विधानसभा की चुनावी राजनीति में उतारने के लिए तैयार करेंगे।
सनद रहे कि फिलहाल युवक कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष की कुर्सी पर दिग्विजय सिंह के समर्थक प्रियवत सिंह खीची काबिज हैं। सभी जानते हैं कि प्रियवत को राजगढ़ ब्यावरा की सीमाओं से बाहर लाने का श्रेय केवल और केवल दिग्विजय सिंह को जाता है। उन्होंने न केवल प्रियवत को विधानसभा का टिकिट दिलाया, बल्कि उस समय जिताया जब पूरे मध्यप्रदेश में शिवराज के पक्ष में और दिग्विजय सिंह के विरोध में लहर चल रही थी।
इसके बाद राज्यस्तर पर प्रियवत को लाने का श्रेय भी दिग्विजय सिंह को ही जाता है। अनुमान लगाया जा रहा है कि अब दिग्विजय सिंह, अपने प्रियवत को युवक कांग्रेस की नेशनल बॉडी में ले जाएंगे।