भोपाल, 15 जून 2026: मध्य प्रदेश में कांग्रेस पार्टी आंदोलन के नाम पर अक्सर फेल हो जाती है। कभी नेताओं की भीड़ थोड़ी देर के लिए इकट्ठा होती है और भाषण देकर चली जाती है। कई बार ऐसा भी होता है कि, सिर्फ औपचारिकता के लिए प्रदर्शन किया जाता है। मीनाक्षी नटराजन के समर्थन में 15 जून को बड़े आंदोलन का ऐलान किया था लेकिन भोपाल में युवक कांग्रेस का आंदोलन टांय-टांय फुस्स हो गया।
लोकतंत्र की रक्षा के लिए युवा कांग्रेस के केवल 7 नेता आए
कांग्रेस पार्टी के अनुसार यह आंदोलन संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए किया जा रहा है। पार्टी ने आदेश दिया है कि बड़ा आंदोलन करना है। भाजपा कार्यालय का घेराव करना है, लेकिन भोपाल में संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए केवल 7 नेता (जिला उपाध्यक्ष नीरज यादव, महासचिव दर्शन कोरी, ब्लॉक अध्यक्ष मोहन रुडेले, भूपेंद्र मिश्रा, रिजूल सेन और सुजल) आए। जबकि सागर, नरसिंहपुर, देवास, पन्ना, गुना, मंदसौर, अशोक नगर, इंदौर, रीवा एवं हरदा इत्यादि में ज्यादा प्रभावी प्रदर्शन हुआ।📍भोपाल - शहर
— MP Youth Congress (@IYCMadhya) June 16, 2026
केन्द्र सरकार और उसके इशारों पर काम कर रहे चुनाव आयोग की तानाशाही के खिलाफ युवा कांग्रेस ने संघर्ष का ऐलान कर दिया है। मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान और मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस एवं भोपाल कार्यकारी जिलाध्यक्ष अमित खत्री के निर्देश मार्गदर्शन में, जिला महासचिव… pic.twitter.com/0dlJiCEbzt
Youth Congress Protest in Support of Meenakshi Natarajan Fizzles Out in Bhopal
मतलब मध्य प्रदेश के 55 में से केवल 10 जिलों में प्रदर्शन हुआ। भोपाल सहित 45 जिलों में कोई प्रभावी संख्या नहीं थी। एमपी यूथ कांग्रेस के X हैंडल पर भी इन्हीं 10 जिलों में संख्या दिखाई दे रही है, और भोपाल जैसी शर्मनाक स्थिति, किसी भी जिले में नहीं थी।

