Loading...

NYAY योजना: क्या निठल्लों को भी 72000 रुपए देगी कांग्रेस सरकार

भोपाल समाचार। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने न्यूनतम आय गारंटी योजना का ऐलान किया है। उन्होंने इस योजना का दूसरा नाम 'न्याय' दिया है। ऐलान किया गया है कि सभी गरीबों को 72000 रुपए साल दिए जाएंगे। अब इस योजना को लेकर कई तरह के सवाल पैदा हो रहे हैं। आइए ऐसे ही कुछ सवालों के जवाब तलाशते हैं। 

क्या निठल्लों को भी न्याय योजना का लाभ मिलेगा

योजना में बताया गया है कि यदि आपका 6000 रुपए मासिक वेतन मिलता है तो शेष 6000 रुपए सरकार देगी, इस तरह आपकी आय 12000 रुपए मासिक हो जाएगी। सवाल यह है कि यदि कोई व्यक्ति निठल्ला है। काम ही नहीं करता या फिर वो बेरोजगार है। उसके पास नौकरी ही नहीं है, तो क्या उसे भी इस योजना का लाभ​ मिलेगा। जवाब है, नहीं मिलेगा। क्योंकि यह बेरोजगारी भत्ता नहीं है। यह वेतनांतर योजना है। 

तो फिर क्या यह टॉपअप स्कीम है

सवाल यह है कि यदि यह बेरोजगारी भत्ता की तरह नहीं है तो क्या सेलेरी की टॉपअप स्कीम है। कांग्रेस प्रवक्ता सुरजेवाला का कहना है कि, ‘‘यह टॉपअप स्कीम नहीं है, 5 करोड़ परिवार और 25 करोड़ लोगों को 72 हजार रुपए सालाना मिलेगा। यह महिलाओं पर केंद्रित योजना है। कांग्रेस महिलाओं के खातों में पैसे जमा कराएगी। यानी परिवार के पुरुष मुखिया को जो भी मासिक वेतन मिलता है, यदि वो 12000 रुपए से कम है तो शेष बची रकम मुखिया की पत्नी को मिलेगी। 

क्या यह मनरेगा जैसी योजना है

मनरेगा यानी ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार गारंटी योजना। मनरेगा में 100 दिन रोजगार की गारंटी थी। यानी व्यक्ति को सरकार के लिए काम करना होता था परंतु इस योजना में व्यक्ति को सरकार के लिए काम नहीं करना होगा, परंतु नौकरी करनी होगी। उसकी मासिक आय बैंक में प्रमाणित होनी चाहिए। इसे आप 'वेतनांतर योजना' कह सकते हैं। आपके वेतन और 12000 रुपए के बीच जो भी अंतर होगा वो सरकार देगी। 

यदि वेतन 6000 रुपए मासिक से कम हुआ तो क्या होगा

इस योजना में अधिकतम 6000 रुपए मासिक का ही ऐलान किया गया है। कांग्रेस ने स्पष्ट नहीं किया कि यदि किसी व्यक्ति का वेतन या मासिक आय 6000 रुपए से कम होगी तो क्या होगा। घोषणा के अनुसार अधिकतम अनुदान 6000 रुपए मासिक, इस तरह 72000 रुपए साल होगा। 

यदि मुखिया की पत्नी ना हो तो...

सवाल यह भी है कि यदि किसी व्यक्ति की आय इस योजना की शर्तों के अनुसार है परंतु वो अविवाहिता है या फिर उसकी पत्नी ने उसे त्याग दिया है या फिर उसकी पत्नी की मृत्यु हो गई है तो उसको 'न्याय योजना' का लाभ मिलेगा या नहीं। योजना के अनुसार वेतन का अंतर महिला के बैंक खाते में जमा होना है। कांग्रेस ने स्पष्ट नहीं किया कि यदि महिला ना हुई तो क्या करेंगे।