जिनके यहां टॉयलेट नहीं, अब वो शादी भी नहीं कर पाएंगे: नई व्यवस्था लागू

Thursday, November 2, 2017

भोपाल। यदि आप अब मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत विवाह करने का मन बना रहे हैं तो आपको घर में टॉयलेट होने का शपथ पत्र देना होगा। साथ ही घर में बने टॉयलेट के सामने एक फोटो खिंचवाकर शपथ पत्र पेश करना पड़ेगा। इसके बाद ही मुख्यमंत्री कन्यादान और निकाह योजना में रजिस्ट्रेशन होगा। टॉयलेट सर्टिफिकेट और फोटो नहीं देने पर दूल्हे का रजिस्ट्रेशन नहीं किया जाएगा। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है। पिछले दिनों शहर में हुए निकाह के दौरान भी वर पक्ष से टॉयलेट होने का शपथ पत्र जमा करवाया गया। इसके बाद ही विवाह का रजिस्ट्रेशन किया जा सका। हालांकि इसके पहले बिना सर्टिफिकेट के ही रजिस्ट्रेशन किए जा रहे थे। वर्ष-2005 से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कन्यादान और निकाह योजना की शुरुआत की थी।

हर साल भोपाल में होती हैं 2 हजार शादियां
योजना के तहत हिंदू व मुस्लिम रीति रिवाजों से करीब दो हजार शादियां कराई जाती हैं। देव उठनी ग्यारस के बाद शादियों का सीजन शुरू होने से फिर विवाह सम्मेलन किए जाएंगे। सरकार ने योजना के तहत रजिस्ट्रेशन कराने वाले दूल्हे के लिए अब स्वच्छ टॉयलेट का सर्टिफिकेट और टॉयलेट के बाहर खड़े होकर फोटो पेश करना अनिवार्य कर दिया है।

शहरी क्षेत्र में नगर निगम के जोनल अफसर का सर्टिफिकेट मान्य किया गया है, जबकि ग्रामीण क्षेत्र में जनपद का सर्टिफिकेट माना जाएगा। कोलार निवासी मुबीन खान ने बताया कि विवाह सम्मेलन में रजिस्ट्रेशन के लिए स्वच्छ टॉयलेट और उसका फोटो मांगा गया है।

निगम के सहायक आयुक्त सीबी मिश्रा का कहना है कि पूरा भोपाल ओडीएफ हो गया है, ऐसे में सभी जगह जोनल अफसरों की मंजूरी के बाद ही मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के फाॅर्म स्वीकार किए जाते हैं।

मंगलसूत्र की जगह कपड़े दिए जाएंगे
सामाजिक न्याय विभाग के संयुक्त संचालक मनोज तिवारी का कहना है कि दुल्हनों को पायल, बिछिया और मंगलसूत्र दिया जा रहा था। लेकिन इस बार से मंगलसूत्र की जगह कपड़े दिए जाएंगे। हिंदू महिला को साड़ी और मुस्लिम महिला को कुर्ता पायजामा दिया जाएगा। हाल ही में नकली चांदी के जेवर का खुलासा होने के बाद विभाग ने नए सिरे से टेंडर निकाले हैं। टेंडर में पायल, बिछिया और साड़ी व सूट को रखा गया है। योजना के तहत जेवरों के लिए 3500 रुपए का बजट है। अब दुल्हन को पायल, बिछिया के साथ सुहाग की साड़ी दी जाएगी। कन्यादान योजना के तहत दुल्हन को दिए जाने वाले मंगलसूत्र को हटा दिया है।

दुल्हन के लिए टॉयलेट जरूरी
मुख्यमंत्री कन्यादान और निकाह योजना के तहत दूल्हे के घर स्वच्छ टॉयलेट होना चाहिए। इसके लिए रजिस्ट्रेशन के पहले टॉयलेट का सर्टिफिकेट मांगा जा रहा है।'
देवेश मिश्रा, सीईओ जनपद पंचायत फंदा

SHARE WITH YOU FRIENDS

-----------

CHOOSE YOUR FAVOURITE NEWS CATEGORY | कृपया अपनी पसंदीदा श्रेणी चुनें


खबरें जो आज भी सुर्खियों में हैं

Trending

Popular News This Week