हमसे क्या पाप हुआ: अमित शाह को चिट्ठी लिखेंगी मृत पंचायत सचिवों की विधवाएं

Sunday, September 24, 2017

भोपाल। 25 सितम्बर 2017 को पंडित दीनदयाल उपाध्याय जयंती के दिन ग्राम पंचायतों में अल्पवेतन में ग्रामीण विकाश विभाग की रीढ़ की हड्डी बनकर ग्राम विकास करके एवम सरकार की कल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक ग्राम स्तर पर पहुंचाकर लगातार तीसरी बार म.प्र.में भाजपा की सरकार बनाने वाले दिवंगत पंचायत सचिवों की विधवाए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की चिट्ठी लिखकर अपनी व्यथा सुनाएंगी। साथ ही मप्र की भाजपा सरकार को दिवंगत पंचायत सचिवों के परिजनों को अनुकंपा नियुक्ति दिए के निर्देश दिए जाने की मांग राष्ट्रीय अध्यक्ष से करेंगी।

गौरतलब है कि मध्यप्रदेश में ग्राम स्तर के वृद्धजनों, विकलांगों, परित्यक्ताओं एवम विधवाओं को सामाजिक सुरक्षा पेंशन दिलवाने के काम पंचायत सचिव करते है किन्तु यदि उनकी असमय मृत्यु हो जाये तो उनकी पत्नी को सामाजिक सुरक्षा पेंशन की भी पात्रता नही होती है। जिंदगी भर ग्राम पंचायत में रोजगार मुहैया कराने वाले पंचायत सचिव की मृत्यु हो जाये तो उसके परिजनों को जीवनयापन के लिए मजदूरी करना एवम दर दर की ठोकरे खाना ही नसीब होता है।

मध्यप्रदेश में मुख्यमंत्री, पंचायत मंत्री के कार्यक्रमो में ड्यूटी के दौरान भी पंचायत सचिवों की मृत्यु हो चुकी है, महत्वपूर्ण बात तो यह है देश के प्रधानमंत्री के अमरकंटक में नर्मदा सेवा यात्रा के कार्यक्रम में जनता को लाने के लिए लगाई गई ड्यूटी के दौरान हादसे में कटनी जिले के 02 पंचायत सचिवो की भी मृत्य हो चुकी है। एवम आये दिन ड्यूटी के दौरान दुर्घटना में पंचायत सचिव मृत्यु का शिकार हो रहे है।

मप्र से अलग हुए छत्तीसगढ़ राज्य में दिवंगत पंचायत सचिवों के परिजनों को अनुकंपा नियुक्ति के प्रावधान है, किन्तु मध्यप्रदेश में अनुकंपा नियुक्ति की पंचायत मंत्री गोपाल भार्गव ने उनके ग्रह जिले में घोंसणा भी कर दी पर, फ़ाइल विभाग में अटकी पड़ी है।

ऐसा भी नही है पंचायत सचिवो के परिजनों को अनुकंपा नियुक्ति की मांग पूर्व में ना कि गई हो, बल्कि म.प्र.पंचायत सचिव संगठन ने 03 बार काम ,कलाम और कार्यालय बन्द हड़ताले भी की है, हड़तालों को तुड़वाने के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, पंचायत मंत्री गोपाल भार्गव, वित्त मंत्री जयंत मलैया,pwd मंत्री रामपाल सिंह और सहकारिता मंत्री विश्वाश सारंग ने आश्वाशन भी दिए, जो कोरे साबित हुए, जबकि दिवंगत पंचायत सचिवो के परिजनों की स्थिति दयनीय बनी हुई है।

पंचायत सचिवो की विधवाओं और परिजनो को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह से आशा है, वो भाजपा की मध्यप्रदेश सरकार को जरूर उन्हें अनुकंपा नियुक्ति का लाभ देने हेतु निर्देश देंगे। म.प्र.पंचायत सचिव संगठन के प्रदेश अध्यक्ष दिनेश शर्मा का कहना है:- अनुकंपा नियुक्ति दिवंगत पंचायत सचिवो के आश्रित परिजनों का हक है, जब छत्तीसगढ़ की सरकार प्रावधान कर सकती है तो मध्यप्रदेश सरकार क्यों नही ?

SHARE WITH YOU FRIENDS

-----------

CHOOSE YOUR FAVOURITE NEWS CATEGORY | कृपया अपनी पसंदीदा श्रेणी चुनें


खबरें जो आज भी सुर्खियों में हैं

Trending

Popular News This Week